पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान ने करतारपुर कॉरिडोर की आधारशिला रखते हुए भारत से मजबूत और बेहतर रिश्ते की ख्वाहिश जाहिर की, लेकिन कश्मीर के मुद्दे पर बात करने से बाज नहीं आए। उन्होंने साफ किया कि इस मुद्दे पर उनकी सरकार, फौज व अन्य सियासी दल एक ही खेमे में हैं।
इमरान ने कहा, दोनों देशों के पास एटमी हथियार हैं, इसलिए जंग तो हो ही नहीं सकती। जो ऐसा सोचते हैं वे बेवकूफ हैं। ऐसे में सिर्फ दोस्ती का ही रास्ता बचता है। वहीं पाक पीएम ने कश्मीर मसले का जिक्र करते हुए कहा, दोनों देशों में मजबूत इरादे वाला नेतृत्व हो तो सभी मुद्दे सुलझाए जा सकते हैं।
इसी विषय पर अमर उजाला डॉट कॉम ने ऑनलाइन पोल में अपने पाठकों से सवाल पूछा था 'क्या पाकिस्तान सचमुच कश्मीर विवाद को सुलझाना चाहता है?'
पोल के जवाब में हमें कुल 3561 वोट मिले। इनमें 16.34 फीसदी (582 वोट) पाठकों ने माना कि हां पाकिस्तान सचमुच कश्मीर विवाद को सुलझाना चाहता है, जबकि 83.66 फीसदी (2979 वोट) पाठकों ने माना कि पाकिस्तान सचमुच में कश्मीर विवाद को सुलधाना नहीं चाहता है।