दुनिया के दुर्दांत आतंकवादी और भारत के सबसे बड़े दुश्मन हाफिज सईद के साथ ही भारत के दूसरे सबसे बड़े दुश्मन दाऊद इब्राहीम को लेकर बड़ी खबर सामने आ रही है। देश के इन दोनों दुश्मनों को लेकर खुलासा हुआ है कि भारत सरकार इन्हें ठिकाने लगाने या भारत वापस लाने के कोई खास प्रयास नहीं कर रही है। इसका मतलब है कि सरकार की तरफ से अबतक जो भी बयान आते रहे हैं, वो महज दिखावा है।
दरअसल, एक आरटीआई से खुलासा हुआ है कि भारत सरकार या उसकी किसी भी एजेंसी ने देश के दोनों सबसे बड़े दुश्मनों को भारत प्रत्यर्पित कराने को लेकर कोई प्रयास तक नहीं किया है। विदेश मंत्रालय ने आरटीआई के जवाब में लिखा है कि दोनों को भारत प्रत्यर्पित कराने को लेकर अबतक कोई पत्र तक नहीं लिखा गया है। ऐसे में बड़ा सवाल उठता है कि क्या अभी तक इन दोनों के बारे में सरकारें जो दावे करती रही हैं, वो झूठे हैं?
विदेश मामलों के मंत्रालय की तरफ से आरटीआई के जवाब में साफ कहा गया है कि न तो मुंबई धमाकों के मास्टरमाइंड दाऊद इब्राहीम और न ही मुंबई हमलों के मास्टरमाइड हाफिज सईद के प्रत्यर्पण से संबंधित कोई पत्र मिला है। ये जवाब उस आरटीआई के जवाब में आया है, जिसमें पूछा गया था कि दोनों दुर्दांत दुश्मनों को भारत लाने के लिए सरकार क्या कदम उठा रही है।