राष्ट्रीय जांच एजेंसी (एनआईए) ने कोयंबटूर और मंगलुरू में हुए विस्फोट के दो मामलों में बुधवार को तमिलनाडु, केरल और कर्नाटक में कुल 40 ठिकानों पर छापा मारा। इनमें से कोयंबटूर कार बम धमाके से जुड़ी 32 जगहों और मंगलुरू धमाके से जुड़े 8 स्थानों पर तलाशी अभियान चलाया गया। एनआईए प्रवक्ता ने बताया कि इनमें से एक मामला कोयंबटूर जिले के कोट्टई ईश्वरन मंदिर के सामने एक कार में बम विस्फोट से संबंधित है।
इन जगहों पर तलाशी
एनआईए ने कोयंबटूर में 14 जगहों, त्रिची में एक, नीलगिरी में 2, तिरुनेलवेली में 3, तूतीकोरिन में एक, चेन्नई में तीन, थिरुवन्नमलाई में दो, डिंडीगुल में एक, माइलादुत्रयी में एक, कृष्णगिरी में एक, कन्याकुमारी में एक, तेनकासी में एक और एर्नाकुलम में एक जगह पर तलाशी अभियान चलाया। मंगलुरू मामले में तमिलनाडु में तिरुपुर में दो और कोयंबटूर में एक, केरल के एर्नाकुलम में चार और कर्नाटक के मैसूरू में एक जगह पर छापा मारा गया।
चार महीने से एनआईए की जांच जारी
आईएसआईएस के प्रति वफादारी की शपथ लेने के बाद आरोपी जेम्शा मुबीन पिछले साल 23 अक्तूबर को आत्मघाती हमले और समाज के एक वर्ग के बीच आतंक फैलाने के मकसद से मंदिर परिसर को व्यापक नुकसान पहुंचाने की साजिश रची थी। दूसरा मामला, पिछले साल 19 नवंबर को कर्नाटक के मंगलुरू शहर में एक चलते ऑटो रिक्शा में हुए प्रेशर कुकर बम विस्फोट से संबंधित है। यह धमाका मारुति 800 कार में हुआ था। एलपीजी सिलेंडर के बाद मुबिन संदिग्ध परिस्थितियों में जलकर मर गया था। पुलिस के अनुसार मुबिन एक इंजीनियरिंग ग्रेजुएट था। उससे 2019 में एनआईए के अधिकारियों ने आतंकी संपर्कों को लेकर पूछताछ की थी। उसका नाम इस धमाके के मुख्य आरोपियों में नामजद किया गया है।