फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

UNSW: विश्व में गरीबों की दौलत घटी तो अमीरों की चार गुना बढ़ी, शोधकर्ता बोले- यह गंभीर और चिंताजनक

Wed, 04 Oct 2023 06:10 AM IST
जलज मिश्रा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

गरीब और अमीर के बीच के 20 फीसदी लोगों की संपत्ति में 61 प्रतिशॉत की वृद्धि हुई है। इसकी तुलना में गरीबों की संपत्ति का ग्राफ केवल 20 प्रतिशत ही रहा।

विज्ञापन
Bangladesh Currency Taka - फोटो : Agency (File Photo)
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

पिछले दो दशकों के दौरान अमीरों की संपत्ति चार गुना ज्यादा तेजी से बढ़ रही है, जबकि गरीबों के पास घट रही है। शोधकर्ताओं ने इन हालातों को बेहद गंभीर और चिंताजनक बताया है। ऑस्ट्रेलियन काउंसिल ऑफ सोशल सर्विस (एसीओएसएस) और न्यू साउथ वेल्स यूनिवर्सिटी (यूएनएसडब्ल्यू) के संयुक्त अध्ययन में इसका खुलासा हुआ है। शोध में सामने आया कि भारत में अरबपतियों की संख्या तेजी से बढ़ रही है। 2020 में जहां 102 अरबपति थे, वहीं 2022 में बढ़कर 166 हो गए।

विज्ञापन


इसी साल स्विट्जरलैंड के दावोस में जारी ‘सर्वाइवल ऑफ द रिचस्ट‘ रिपोर्ट में कहा गया था कि 2012 से 2021 के बीच भारत में जितना धन हुआ, उसका 40 फीसदी से ज्यादा सिर्फ एक फीसदी को मिला। पावर्टी एंड इनिक्वलिटी पार्टनरशिप की ‘इनिक्वलिटी इन ऑस्ट्रेलिया 2023 की रिपोर्ट के मुताबिक, 2003 से 2022 के बीच सबसे धनी 20% फीसदी लोगों की औसत संपत्ति 82 फीसदी बढ़ी है। सबसे अमीर पांच फीसदी लोगों की दौलत तो 86 फीसदी तक बढ़ी है। 

20 फीसदी लोगों की संपत्ति में 61% की वृद्धि
गरीब और अमीर के बीच के 20 फीसदी लोगों की संपत्ति में 61 प्रतिशॉत की वृद्धि हुई है। इसकी तुलना में गरीबों की संपत्ति का ग्राफ केवल 20 प्रतिशत ही रहा।

भारत में बढ़ रही असमानता

विज्ञापन

भारत में भी बीते सालों में असमानता तेजी से बढ़ी है। हाल ही में समाजसेवी संस्था ऑक्फैम ने एक रिपोर्ट प्रकाशित की थी। रिपोर्ट के मुताबिक, दुनिया की सबसे तेजी से बढ़ती अर्थव्यवस्थाओं में से एक भारत असल में दुनिया में सबसे ज्यादा असमानता वाले देशों में है।

10 फीसदी लोगों के पास है 77 प्रतिशत संपत्ति
ऑक्सफैम के मुताबिक भारत के सबसे धनी 10 फीसदी लोगों के पास 77 प्रतिशत संपत्ति है। 2017 में देश में जितनी संपत्ति हुई, उसका 73 फीसदी सिर्फ एक फीसदी लोगों को मिला, जबकि निचले तबके के 67 करोड़ लोगों की संपत्ति में सिर्फ एक फीसदी की वृद्धि हुई। 2021 में देश की 40.5 प्रतिशत संपत्ति सिर्फ एक फीसदी लोगों के पास थी। 2021-22 में जब महामारी के दौरान लागू विशेष उपाय हटा दिए गए तो गरीबों की आय फिर से घट गई। सबसे गरीब 20 फीसदी की आय 3.5 फीसदी घटी, जबकि सबसे अमीर 20 फीसदी लोगों की आय में सिर्फ 0.1 फीसदी की गिरावट आई।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें