कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे
- फोटो : X @INCIndia
एटीएम से धन निकासी शुल्क बढ़ाने पर कांग्रेस ने केंद्र सरकार पर हमला बोला। कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे ने कहा कि मोदी सरकार ने बैंकों को लूट का कलेक्शन एजेंट बना दिया है। बैंकों की ओर से लगाए गए शुल्कों को सूची साझा करते हुए खरगे ने कहा कि दर्दनाक मूल्य वृद्धि और बेलगाम लूट भाजपा का मंत्र है।
खरगे ने एक्स पर लिखा कि दुर्भाग्यवश मोदी सरकार ने हमारे बैंकों को कलेक्शन एजेंट बना दिया है। एटीएम से पैसे निकालने का शुल्क महंगा होगा। बैंक लूटने वाले कलेक्शन एजेंट बनकर रह गए हैं। मोदी सरकार ने 2018 से 2024 के बीच बचत खातों और जन धन खातों से न्यूनतम शेष राशि न रखने के कारण कम से कम 43,500 करोड़ रुपये निकाले हैं।
ये भी पढ़ें: एटीएम का बार-बार उपयोग करना पड़ेगा महंगा? तय सीमा के बाद राशि निकालने पर एक मई से 19 रुपये शुल्क
उन्होंने कहा कि लोगों को लूटने के लिए बैंकों द्वारा लगाए जाने वाले अन्य शुल्क हैं। जैसे निष्क्रियता शुल्क जो प्रति वर्ष 100-200 रुपये है। बैंक स्टेटमेंट जारी करने का शुल्क 50-100 रुपये है। एसएमएस अलर्ट के लिए प्रति तिमाही 20-25 रुपये का शुल्क लिया जाता है। बैंक ऋण प्रसंस्करण शुल्क के रूप में 1-3 प्रतिशत शुल्क लेते हैं। अगर आप लोन भी समय से चुका देते हैं तो भी बैंक लोन प्री-क्लोजर चार्ज लगाते हैं और एनईएफटी और डिमांड ड्राफ्ट चार्ज अतिरिक्त बोझ बनते हैं। केवाईसी अपडेट में हस्ताक्षर में बदलाव के लिए भी शुल्क लगता है।
खरगे ने कहा कि पहले केंद्र सरकार इन शुल्कों से एकत्रित राशि का आंकड़ा संसद में उपलब्ध कराती थी, लेकिन अब यह प्रथा भी यह कहकर बंद कर दी गई है कि आरबीआई इस तरह का आंकड़ा नहीं रखता है। उन्होंने लिखा कि दर्दनाक मूल्य वृद्धि + बेलगाम लूट = भाजपा का जबरन वसूली का मंत्र।
ये भी पढ़ें: पीएफ धारक यूपीआई-एटीएम से एक लाख रुपये तक निकाल सकेंगे; दावा प्रक्रिया का समय भी घटकर तीन दिन रह जाएगा
रिजर्व बैंक ने शुल्क में की बढ़ोतरी
भारतीय रिजर्व बैंक ने शुक्रवार को बैंकों को एटीएम से नकदी निकासी पर शुल्क एक मई से दो रुपये बढ़ाकर 19 रुपये प्रति लेनदेन करने की अनुमति दी। ग्राहक अपने बैंक के एटीएम से हर महीने पांच निःशुल्क लेनदेन के लिए पात्र हैं। जबकि अन्य बैंकों के एटीएम से भी मुफ्त लेनदेन के लिए पात्र हैं। इसमें मेट्रो केंद्रों में तीन लेनदेन और गैर-मेट्रो केंद्रों में पांच लेनदेन किए जा सकते हैं।