राज्यसभा में गुरुवार को सूचना प्रौद्योगिकी और संचार मंत्री अश्विनी वैष्णव के बयान देने के दौरान विपक्षी नेताओं द्वारा पन्ने फाड़ने के मामले पर राजनीति तेज हो गई है। इस बीच मीनाक्षी लेखी ने भी विपक्ष पर हमला बोलते हुए कहा कि तृणमूल कांग्रेस व कांग्रेस के सदस्यों की हरकत शर्मनाक है। वे इतने नीचे गिर जाएंगे कि वे देश की प्रतिष्ठा को नुकसान पहुंचाने वाले काम करेंगे। पेगासस जासूसी मामला फेक न्यूज है। इससे देश की छवि खराब हुई है। आज सदन में सदस्यों ने जवाब देते वक्त मंत्री के हाथ से पन्ने छीन लिए, यह घटिया हरकत है।
मीनाक्षी लेखी ने कहा कि इस तरह के व्यवहार को लोकतंत्र ने कभी नहीं देखा है और इसके लिए हमें प्रधानमंत्री मोदी से सीखने की जरूरत है जिन्होंने नए मंत्रियों को संबोधित करते वक्त विपक्ष से शालीनतापूर्वक अपील की थी।
जानिए क्या है मामला
गौरतलब है कि संसद के मानसून सत्र के पहले दिन से विपक्षी दलों ने संसद के दोनों सदनों में इसके समेत कुछ अन्य मुद्दों पर हंगामा किया। आज भी वैष्णव ने उच्च सदन में विपक्षी सदस्यों के हंगामे के बीच ही यह बयान दिया। जब वह बयान दे रहे थे तब आसन के समक्ष आ कर हंगामा कर रहे तृणमूल कांग्रेस के कुछ सदस्यों ने चंद दस्तावेज भी फाड़े और हवा में उछाले।