केरल के त्रिशूर जिले में वेस्ट नाइल बुखार के कारण रविवार को एक व्यक्ति की मौत हो गई। केरल की स्वास्थ्य मंत्री वीना जॉर्ज ने कहा कि मच्छरों के विकास को नियंत्रित करना और स्रोत को नष्ट करना इस बीमारी को रोकने के लिए आवश्यक है।
पिछले तीन वर्षों में मच्छर जनित इस रोग के चलते हुई मौत का यह पहला मामला है। पीड़ित का नाम पुथनपुरक्कल जोबी (47) था जो त्रिशूर जिले के पनंचेरी का रहने वाला था। इस मामले पर केरल की स्वास्थ्य मंत्री वीना जॉर्ज ने स्पष्ट किया है कि चिंता की कोई बात नहीं है।
जिलों को सतर्क रहने की चेतावनी
उन्होंने कहा कि जिलों को सतर्क रहने की चेतावनी दी गई है। वेस्ट नाइल बुखार जापानी बुखार के समान लक्षणों वाला है। लेकिन यह बीमारी जापानी बुखार जितनी गंभीर नहीं है। लेकिन सावधान रहना जरूरी है।
पानी कहीं भी इकठ्ठा न हो
स्वास्थ्य मंत्रालय की तरफ से जारी प्रेस विज्ञप्ति में कहा गया कि राज्य ने पहले ही एहतियाती उपाय जारी कर दिया है क्योंकि जलवायु परिवर्तन के कारण संक्रामक रोगों का खतरा है। हमारे रक्षात्मक उपायों को मजबूत किया जाना चाहिए। मच्छरों के विनाश के स्रोत पर जोर दिया जाना चाहिए। व्यक्तियों को अपने घरों और आसपास को साफ रखना चाहिए। पानी कहीं भी इकठ्ठा न हो।
परेशानी होने पर तुरंत अस्पताल में हों भर्ती
मंत्री ने राज्य के लोगों से यह भी अनुरोध किया कि यदि उन्हें बुखार या बीमारी के अन्य लक्षणों का अनुभव होता है, तो उन्हें अस्पताल में भर्ती होना चाहिए। जब त्रिशूर जिले में वेस्ट नाइल के प्रकोप का संदेह हुआ, तो जिला चिकित्सा कार्यालय की एक विशेष टीम ने कन्नारा के रोगी के क्षेत्र का दौरा किया और निवारक उपाय तेज कर दिए।
राज्य में अलर्ट जारी
उन्होंने कहा कि जिला वेक्टर कंट्रोल यूनिट ने विभिन्न हिस्सों से नमूने एकत्र किए और उन्हें परीक्षण के लिए भेजा है। मौत के बाद राज्य के स्वास्थ्य विभाग ने अलर्ट जारी कर दिया है।