नौकरी मिलने में सबसे कारगर माध्यम सीवी को माना जाता है। विभिन्न वेबसाइट्स ऑनलाइन सीवी बनाने के तरीक से भरी पड़ी हैं। लेकिन आज कल कंपनियों में सीवी के तौर तरीके बदल चुके हैं। देश के विभिन्न सेक्टर्स में काम रही कंपनियां अब सेल्फी वीडियो सीवी के जरिए कैंडिडेट्स को हायर कर रही हैं।
इससे हायरिंग की प्रक्रिया भी जल्दी से पूरी हो जाता है। और कंपनियों के साथ-साथ कैंडिडेट्स को भी जॉब मिलने में आसानी रहती है। अगर आप भी बनाना चाहते हैं अपना सेल्फी वीडियो तो अपनाएं यह तरीके। सेल्फी वीडियो सीवी तैयार करने से पहले अपने मोबाइल में टाइम सेट कर लें।
सेल्फी वीडियो को दो से तीन मिनट का ही बनाएं, इससे ज्यादा समय का न बनाएं। वीडियो में बोलने के लिए पहले से कंटेट तैयार कर लें हो सके तो उसे लिखकर सामने रख लें लेकिन लिखा हुआ वीडियो में न दिखे। रिकॉर्ड करने से पहले कई बार रिहर्सल कर लें, इससे रिकॉर्डिंग में किसी तरह की कोई गड़बड़ी नहीं होगी।
फोन को कहीं रख दें जिससे वो हिले नहीं, लाइट भी पर्याप्त होनी चाहिए जिससे आप का चेहरा साफ दिखे। सेल्फी वीडियो सीवी रिकॉर्ड करते समय प्रोफेशनल की तरह कुर्सी पर बैठकर अपने बारे में बताएं। इसे चलते-फिरते न बनाएं। अपने बारे में ऐसे बताएं जैसे आप फेस-टू-फेस इंटरव्यू दे रहे हों।
रिकॉर्डिंग खत्म करने के बाद अपना नाम, पता, ई-मेल आईडी और फोन नंबर का जरूर उल्लेख करें। बार-बार रिकॉर्डिंग के झंझट से बचने के लिए एक बार अच्छे से वीडियो सीवी रिकॉर्ड करके उसकी सीडी या डीवीडी बना लें, ताकि जरूरत पड़ने पर उसे दुबारा कहीं भी भेज सकें।
कई कंपनियां सेल्फी वीडियो सीवी के जरिए लोगों को हायर कर रहीं हैं। आईटी, बीपीओ, एविएशन, सेल्स और मार्केटिंग में काम कर रही कंपनियां सबसे ज्यादा इस तरीके से कैंडिडेट्स को हायर कर रही हैं। कंपनियों के साथ-साथ कैंडिडेट्स को इन कंपनियों पर अपने आप को रजिस्टर करना होता है जिसके बाद सारा का सारा प्रोसेस ऑनलाइन होता है।
आज कल मीडिया जगत में भी इस तरह के सीवी का प्रचलन बढ़ा है। 2011 में सबसे पहले यूएस की कंपनी जॉबमा ने देश में सेल्फी वीडियो सीवी के लिए वेबसाइट और ऐप लॉन्च किया था। अब तक इस कंपनी के द्वारा 42 हजार लोगों की स्क्रीनिंग कर चुकी है।