एक तरफ जहां केंद्रीय मंत्री नितिन गडकरी को देश के प्रतिष्ठित लोकमान्य तिलक राष्ट्रीय पुरस्कार से सम्मानित किया जाएगा, वहीं दूसरी ओर लातूर में चव्हा संगठना और एनसीपी कार्यकर्ताओं के बीच हुए विवाद में पूर्व एनसीपी युवा अध्यक्ष सुरज चव्हाण ने पुलिस के सामने आत्मसमर्पण कर दिया है। दोनों घटनाएं महाराष्ट्र की सियासत और सामाजिक हलचलों को प्रभावित करने वाली हैं।
गडकरी को मिलेगा लोकमान्य तिलक पुरस्कार
केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्री नितिन गडकरी को इस वर्ष का लोकमान्य तिलक राष्ट्रीय पुरस्कार दिया जाएगा। यह घोषणा पुणे में आयोजित प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान लोकमान्य तिलक स्मारक ट्रस्ट के अध्यक्ष डॉ. रोहित तिलक ने की। पुरस्कार समारोह एक अगस्त को लोकमान्य तिलक की 105वीं पुण्यतिथि पर आयोजित किया जाएगा। इस अवसर पर मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, दोनों उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे और अजीत पवार समेत कई वरिष्ठ नेता शामिल होंगे।
राष्ट्रीय विकास में गडकरी का योगदान
डॉ. तिलक ने कहा कि गडकरी ने देशभर में सड़कों का मजबूत नेटवर्क तैयार कर विकास की रफ्तार को तेज किया है। पब्लिक-प्राइवेट पार्टनरशिप मॉडल के ज़रिए उन्होंने बुनियादी ढांचे को नई ऊंचाइयों तक पहुंचाया। गडकरी से पहले प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी (2023) और लेखिका सुधा मूर्ति (2022) को यह सम्मान मिल चुका है। पुरस्कार में एक लाख रुपये नकद, स्मृति चिन्ह और प्रशस्ति पत्र शामिल होता है।
सुरज चव्हाण ने किया आत्मसमर्पण
लातूर में चव्हा संगठना के अध्यक्ष विजयकुमार घाटगे की कथित पिटाई के मामले में पूर्व एनसीपी युवा अध्यक्ष सुरज चव्हाण ने बुधवार को पुलिस के समक्ष आत्मसमर्पण कर दिया। पुलिस के अनुसार, कानूनी प्रक्रिया के बाद उन्हें नोटिस देकर छोड़ दिया गया है। चव्हाण समेत 11 आरोपियों को पूछताछ के लिए जब जरूरत होगी, बुलाया जाएगा।
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उपमुख्यमंत्री अजीत पवार ने क्या दी प्रतिक्रिया?
घटना के बाद एनसीपी प्रमुख और उपमुख्यमंत्री अजीत पवार ने चव्हाण से युवा अध्यक्ष पद से इस्तीफा देने को कहा था। चव्हाण पर आरोप है कि उन्होंने एक प्रेस कांफ्रेंस के दौरान एनसीपी प्रदेश अध्यक्ष सुनील तटकरे के सामने खेल के पत्ते फेंकने वाले चव्हा संगठना नेता विजयकुमार घाटगे पर हमला किया था।
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किस बात पर भड़के एनसीपी कार्यकर्ता
घाटगे और उनके संगठन के सदस्य राज्य के कृषि मंत्री माणिकराव कोकाटे के इस्तीफे की मांग कर रहे थे। दरअसल, हाल ही में एक वीडियो वायरल हुआ था जिसमें मंत्री कोकाटे को राज्य विधानसभा सत्र के दौरान मोबाइल पर ‘रम्मी’ खेलते हुए देखा गया था। हालांकि मंत्री ने रम्मी खेलने के आरोपों से इनकार किया है।
चोटिल घाटगे से मिले एमएनएस नेता
विवाद के बाद घायल विजयकुमार घाटगे का इलाज एक निजी अस्पताल में चल रहा है। महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना के नेता प्रकाश महाजन ने अस्पताल पहुंचकर उनसे मुलाकात की और समर्थन जताया। घटना को लेकर विपक्षी दलों में आक्रोश है और कई नेता इस पर कार्रवाई की मांग कर रहे हैं।