Maharashtra: ठाणे जिले में मुआवजे की राशि बढ़ाने के लिए एक व्यक्ति का अपहरण उसकी ही पत्नी और पांच रिश्तेदारों ने किया और उसे तीन महीने से अधिक समय तक बंधक बनाए रखा। पीड़ित ने पुलिस को शिकायत दी, जिसके आधार पर आरोपियों के खिलाफ मामला दर्ज किया गया। उसे एक जर्जर मकान में बंधक बनाया गया था, जहां उसे लगातार धमकी दी जा रही थी।
महाराष्ट्र के ठाणे जिले में मुआवजे के लिए एक शख्स का उसकी पत्नी और पांच अन्य रिश्तेदारों ने मिलकर अपहरण कर लिया और तीन महीने से अधिक समय तक उसे बंधक बनाए रखा। बाद में जैसे-तैसे उसने पुलिस को घटना की शिकायत दी, जिस पर पुलिस ने शनिवार को उसकी पत्नी, पत्नी के भाई व चार अन्य रिश्तेदारों के खिलाफ केस दर्ज किया। बताया जा रहा है कि पीड़ित अपनी पत्नी से अलग रह रहा था।
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पुलिस ने सोमवार को बताया कि 20 जून को 44 वर्षीय पीड़ित खरीदारी करने के लिए उल्हासनगर क्षेत्र के पंजाबी कॉलोनी स्थित अपने घर से बाहर निकला था। इस दौरान आरोपियों ने उसे पकड़ लिया और पूछने लगे कि वह अपनी पत्नी के साथ समझौता करने के लिए मुआवजे की राशि 15 लाख से बढ़ाकर 20 लाख रुपये क्यों नहीं कर रहा है।
उल्हासनगर सेंट्रल पुलिस थाने के एक अधिकारी ने बताया कि जब पीड़ित ने उनकी मांगें पूरी करने में असमर्थता जताई तो उन्होंने उसका अपहरण कर लिया और उसे एक जर्जर मकान में ले जाकर 28 सितंबर तक वहीं बंधक बनाकर रखा। शिकायत के मुताबिक, पीड़ित कहीं भाग न सके, इसके लिए आरोपियों ने मकान के बाहर दो लोगों को तैनात किया था और उसे लगातार जान से मारने की धमकी दी जा रही थी।
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अधिकारी ने बताया कि पीड़ित की शिकायत के आधार पर आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की सुसंगत धाराओं के तहत प्राथमिकी दर्ज की गई है। मामले की जांच की जा रही है।