हाल ही में अंडमान द्वीप पर रहने वाले सेंटिनल जनजाति के लोगों ने अमेरिकी नागरिक जॉन एसन चाऊ (26) की हत्या कर दी थी। इस घटना के बाद से एक बार फिर सेंटिनल का मुद्दा पूरी दुनिया में उठ गया। लोगों के मन में इस जनजाति के प्रति काफी डर आ गया। दुनिया की नजर में ये छवि बन गई कि जनजाति के सामने यदि कोई आ जाए तो ये लोग उसे मार सकते हैं। लेकिन एक महिला ऐसी भी हैं जिनसे ये लोग खुशी-खुशी मिले थे।
बात साल 1991 की है। उस वक्त पहली बार इन लोगों ने बाहरियों का स्वागत किया था। इस समूह में 13 लोग थे। इन 13 लोगों के समूह में मधुमाला चट्टोपाध्याय (57) भी थीं। जो इस वक्त केंद्र सरकार के सामाजिक कल्याण और अधिकारिता मंत्रालय में वरिष्ठ अधिकारी के तौर पर दिल्ली में कार्यरत हैं।