खराब खाने की शिकायत कर चर्चा में आए बीएसएफ जवान तेजबहादुर यादव अब वाराणसी से प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ लोकसभा चुनाव लड़ेंगे। उन्होंने अमर उजाला से बात करते हुए बताया कि समय आने पर वह वाराणसी से नामांकन दाखिल करेंगे।
तेजबहादुर लगातार ट्वीट भी कर रहे हैं। आज ही उन्होंने ट्वीट किया जिसमें लिखा, "भ्रष्टाचार के खिलाफ आवाज की सजा, मानसिक शारीरिक प्रताड़ना देकर, बीएसएफ की नौकरी से निकाला। मैं तो भ्रष्टाचार के खिलाफ पीएम की मुहिम का हिस्सा बनना चाहता था।"
जब हमने पूछा कि क्या किसी पार्टी ने उनसे संपर्क किया है, इस पर उन्होंने कहा कि मुझसे आम आदमी पार्टी (आप) और समाजवादी पार्टी ने संपर्क किया था लेकिन मैं निर्दलीय ही चुनाव लड़ूंगा।
ट्विटर पर सक्रिय
बीते कुछ दिनों से तेजबहादुर ट्विटर पर बेहद सक्रिय हैं। उन्होंने मोदी सरकार की आलोचना वाली भी कई पोस्ट डाली हैं। वह सरकार की नीतियों पर भी सवाल खड़े कर रहे हैं। हम ये भी तय करना चाहते थे कि ये कोई फर्जी ट्विटर अकाउंट तो नहीं है। हमारे इस सवाल पर तेजबहादुर ने तस्दीक की कि ट्विटर अकाउंट उन्हीं का है और ये सारी पोस्ट उन्होंने खुद डाली हैं। उन्होंने कहा कि आवाज उठाने के लिए अब कोई दूसरा तरीका नहीं बचा है।
तेजबहादुर के वीडियो में क्या था ?
2017 में बीएसएफ के जवान तेजबहादुर का वीडियो वायरल हुआ था, जिसमें उन्होंने खराब खाने को वीडियो के माध्यम से दिखाया था। वीडियो में उन्होंने खाने की गुणवत्ता पर सवाल खड़े किए थे। बता दें कि तेजबहादुर का वीडियो सामने आने के बाद उन्हें अनुशासनहीनता के आरोप में बीएसएफ से बर्खास्त कर दिया गया था।