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Kerala: 'नेताओं और उनके रिश्तेदारों की जागीर बन गई है यूनिवर्सिटी', केरल सरकार पर एक बार फिर भड़के राज्यपाल

Tue, 15 Nov 2022 02:35 PM IST
संजीव कुमार झा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

दिल्ली पहुंचे केरल के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान ने कहा कि विश्वविद्यालयों को चलाने का काम चांसलर के पास है, सरकार चलाना चुनी हुई सरकार के पास है। मुझे एक उदाहरण दें जहां मैंने सरकार के कारोबार में हस्तक्षेप करने की कोशिश की, मैं उसी क्षण इस्तीफा दे दूंगा।
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केरल के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान - फोटो : ANI
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विस्तार
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केरल के विश्वविद्यालयों में कुलपतियों की नियुक्ति को लेकर राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान आज एक बार फिर से नाराज नजर आए। दिल्ली में मीडिया को संबोधित करते हुए खान ने केरल सरकार पर कई गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि विश्वविद्यालयों को चलाने का काम चांसलर के पास है, सरकार चलाना चुनी हुई सरकार के पास है। मुझे एक उदाहरण दें जहां मैंने सरकार के कारोबार में हस्तक्षेप करने की कोशिश की, मैं उसी क्षण इस्तीफा दे दूंगा। मैं आपको 1001 उदाहरण दे सकता हूं जहां उन्होंने प्रतिदिन विश्वविद्यालयों के कामकाज में हस्तक्षेप किया गया है। मुझे लगता है कि इस निष्कर्ष पर पहुंचने के लिए आपके पास पर्याप्त सबूत हैं कि मैं उस तरह का व्यक्ति नहीं हूं जो दबाव बना सके।

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विश्वविद्यालय पार्टी कैडर और उनके रिश्तेदारों की जागीर बन गए हैं: राज्यपाल
राज्यपाल ने कहा कि आप यह मुद्दा क्यों नहीं उठाते कि पिछले साल तक केरल में 13 विश्वविद्यालय थे और सभी नियुक्तियां अवैध हैं? क्या कोई और राज्य है जहां कानून का उल्लंघन कर शत-प्रतिशत नियुक्तियां की गई हैं? विश्वविद्यालय पार्टी कैडर और उनके रिश्तेदारों की जागीर बन गए हैं।

क्या है मामला?
दरअसल, केरल के राज्यपाल आरिफ मोहम्मद खान ने विश्वविद्यालय अनुदान आयोग के नियमों के विपरीत सुप्रीम कोर्ट के हालिया आदेश के मद्देनजर राज्य के नौ विश्वविद्यालयों के वाइस चांसलर से 24 अक्तूबर तक इस्तीफा देने को कहा था। राज्यपाल के इस आदेश के बाद केरल सरकार ने राजभवन के बाहर प्रदर्शन करने की धमकी दी थी। जिसके बाद राज्यपाल और भड़क गए।
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राज्यपाल ने इन विश्वविद्यालयों के कुलपतियों को इस्तीफा देने के लिए  कहा था
राज्यपाल ने जिन विश्वविद्यालयों के कुलपतियों को इस्तीफा देने के लिए कहा था उनमें  केरल विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ वी.पी. महादेवन पिल्लई, महात्मा गांधी विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ साबू थॉमस, कोचीन विज्ञान और प्रौद्योगिकी विश्वविद्यालय (सीयूएसएटी) कुलपति डॉ के.एन. मधुसूदन, मत्स्यपालन एवं समुद्र विज्ञान अध्ययन (केयूएफओएस) विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ के. रिजी जॉन, कन्नूर विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ. गोपीनाथ रवींद्रन। एपीजे अब्दुल कलाम तकनीकी विश्वविद्यालय की कुलपति डॉ एम.एस. राजश्री, श्री शंकराचार्य संस्कृत विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ एम.वी. नारायणन, कालीकट विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ एम.के. जयराज, थुंचथेझुथाचन मलयालम विश्वविद्यालय के कुलपति डॉ वी. अनिल कुमार शामिल हैं।

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