कुएं में गिरे हाथी को जेसीबी की मदद से निकाला गया।
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आंध्र प्रदेश के चित्तूर जिले में बीती रात एक हाथी कुएं में गिर गया। हालांकि, गजराज को सुरक्षित निकाल लिया गया, भारी होने के बावजूद उसे डूबने से बचा लिया गया। बचाव व राहत कार्य देखने के लिए मौके पर लोगों की भीड़ लग गई थी।
हाथी के कुएं में गिरने की घटना चित्तूर के गुंडला पल्ले गांव में हुई। कुआ गहरा होने के साथ ही पानी से भरा हुआ था। सूचना मिलते ही वन व अग्निशमन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और जेसीबी की मदद से कुएं की दीवार तोड़ी गई। इसके बाद हाथी बाहर निकल आया। बाहर निकलते ही उसने जंगल की ओर दौड़ लगा दी।
रात में खेतों का पहरा दे रहे किसान को हाथियों ने खूब दौड़ाया
उधर, उत्तराखंड के हरिद्वार के रानीमाजरा में शुक्रवार रात खेत में पहरा दे रहे किसान को हाथियों ने दौड़ा दिया। किसान ने भागकर बमुश्किल जान जान बचाई। सूचना पर वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और खेतों में घुसे हाथियों को भगाया। रानीमाजरा और चांदपुर, कटारपुर, बिशनपुर, पुरानी कुंडी गांवों में किसानों के खेत गंगा किनारे हैं। आजकल खेतों में गन्ने की फसल खड़ी है। किसानों ने फसलों को हाथियों से बचाने के लिए रात में खेतों में रहकर पहरेदारी शुरू कर दी है।
शुक्रवार रात गांव को कुलदीप अपने खेत में जंगली जानवरों को भगाने के लिए पहरा दे रहे थे। अचानक खेत में हाथी आ गए। हाथियों ने कुलदीप को दौड़ा दिया। सूचना पर वनकर्मी मौके पर पहुंचे। वनकर्मियों और किसानों ने मिलकर हाथी को भगाया। वन दरोगा गौतम राठौर ने बताया कि खेतों में हाथियों के आने की सूचना पर मौके पर तुरंत वनकर्मी भेजे जाते हैं। हाथियों की आवाजाही को देखते हुए गश्त तेज कर दी गई है।