कर्नाटक मिल्क फेडरेशन (केएमएफ) के प्रतिनिधियों के साथ बैठक में बढ़ोतरी को मंजूरी देने के एक सप्ताह बाद गुरुवार को कैबिनेट ने इसे मंजूरी दे दी। केएमएफ ने निजी कंपनियों द्वारा किसानों को दी जाने वाली ऊंची कीमतों के कारण कम खरीद का हवाला दिया।
कर्नाटक कैबिनेट ने गुरुवार को राज्य में दूध की कीमतें तीन रुपये प्रति लीटर बढ़ाने का फैसला किया। यह फैसला एक अगस्त से प्रभावी होगा। दूध उत्पादक संघ लंबे समय से इसकी मांग कर रहे थे। कानून मंत्री एचके पाटिल ने कहा कि कैबिनेट ने गुरुवार को इस फैसले को मंजूरी दे दी।
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मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, कर्नाटक मिल्क फेडरेशन (केएमएफ) के प्रतिनिधियों के साथ बैठक में बढ़ोतरी को मंजूरी देने के एक सप्ताह बाद गुरुवार को कैबिनेट ने इसे मंजूरी दे दी। केएमएफ ने निजी कंपनियों द्वारा किसानों को दी जाने वाली ऊंची कीमतों के कारण कम खरीद का हवाला दिया।
वहीं, राज्य में दूध की कीमतों में बढ़ोतरी पर कर्नाटक के उपमुख्यमंत्री डीके शिवकुमार ने कहा कि हमारा मकसद किसानों को फायदा पहुंचाना है। पूरे देश में दूध की कीमत 50-56 रुपये है, जबकि कर्नाटक में दूध की कीमत बहुत कम है, इसलिए हम दूध की कीमत तीन रुपये बढ़ाकर किसानों की मदद करना चाहते हैं।