कर्नाटक की राजनीति में हलचल मची हुई है। कई महिलाओं से यौन शोषण के आरोप झेल रहे प्रज्ज्वल रेवन्ना को जेडी-एस से निलंबित किया जा सकता है। पार्टी के नेता और पूर्व मुख्यमंत्री एच.डी. कुमारस्वामी ने इस बात की जानकारी दी है। बता दें कि मौजूदा लोकसभा चुनाव में रेवन्ना कर्नाटक की हासन सीट से पार्टी के उम्मीदवार हैं।
हुबली में होगी कोर कमेटी की बैठक
राज्य में सत्तारूढ़ कांग्रेस के हमलों के बीच पूर्व मुख्यमंत्री कुमारस्वामी ने कहा कि प्रज्ज्वल को निलंबित करने को लेकर पहले ही चर्चा हो चुकी है। अब हुबली में कोर कमेटी की बैठक होगी, जिसमें हासन सांसद के निलंबन की सिफारिश की जाएगी। उन्होंने कहा कि रेवन्ना संसद सदस्य हैं, इसलिए उनके निलंबन का फैसला दिल्ली से किया जाना है। कुमारस्वामी ने भाजपा और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को मामले से दूर रखने की भी मांग की है।
रेवन्ना को पार्टी से निलंबित करने पर होगा फैसला
कर्नाटक के जेडी-एस अध्यक्ष कुमारस्वामी ने कहा कि रविवार कुछ मामले सामने आए थे और इन्हें देखने के बाद रेवन्ना को पार्टी से निलंबित करने पर चर्चा हुई, लेकिन कुछ लोग इस मामले में जल्दबाजी कर रहे हैं। बता दें कि 33 वर्ष के प्रज्ज्वल रेवन्ना पूर्व प्रधानमंत्री और जेडीएस सुप्रीमो एचडी देवगौड़ा के पोते हैं। उनके खिलाफ कई महिलाओं के साथ यौन शोषण के आरोप लगाए गए हैं और कई इससे जुड़े कई वीडियो भी प्रसारित किए जा रहे हैं। राज्य सरकार ने इस मामले में स्पेशल इनवेस्टिगेशन टीम (एसआईटी) का गठन किया है।
'अगर आरोप साबित हुए तो कड़ी कार्रवाई की जाएगी'
कुमारस्वामी ने कहा कि प्रज्वल रेवन्ना के खिलाफ यौन शोषण के आरोपों की जांच कर रही एसआईटी को इस बात की भी जांच की जानी चाहिए कि पेन-ड्राइव कहां तैयार की गई और किसने बड़ी संख्या में इन वीडियो को प्रसारित किया। उन्होंने यह भी कहा कि अब तक प्रज्वल रेवन्ना के खिलाफ कोई सीधा आरोप नहीं है। यदि आरोप सही हैं तो कानून के अनुसार सजा मिलनी चाहिए। उन्होंने साफ तौर पर कहा है कि अगर एसआईटी जांच में सांसद के खिलाफ आरोप साबित हुए तो पार्टी कड़ी कार्रवाई करेगी।
प्रज्ज्वल कर्नाटक की हासन लोकसभा सीट से चुनाव लड़ रहे हैं, जहां 26 अप्रैल को मतदान हुआ है। पुलिस सूत्रों के मुताबिक जैसे ही सांसद से जुड़े वीडियो सामने आने लगे, वह वोटिंग खत्म होने के बाद वह देश छोड़कर भाग गए।
‘पीएम मोदी और भाजपा का इस मामले से कोई लेना-देना नहीं’
इस मुद्दे पर कांग्रेस द्वारा भाजपा और पीएम मोदी पर भी निशाना साधा जा रहा है। इसे लेकर कुमारस्वामी ने कहा कि क्या प्रधानमंत्री प्रज्वल रेवन्ना के प्रचार के लिए आए थे? उनका और भाजपा का इस मामले से कोई भी लेना-देना नहीं है। उन्होंने कहा कि पीएम और भाजपा का नाम इस मामले में न जोड़ा जाए। उन्होंने इस बात का भी सख्त विरोध किया कि उनके पिता एचडी देवगौड़ा और उनके परिवार को भी इस मामले में जोड़ा जा रहा है।
जब कुमारस्वामी से प्रज्जवल के ठिकानों के बारे में पूछा गया, तो उन्होंने कहा कि यह सवाल मुझसे क्यों पूछा जा रहा है? क्या प्रज्जवल कहीं जाने से पहले मुझसे पूछते थे? उन्होंने कहा कि अगर हमारे परिवार को इस बात की पहले जानकारी रहती, तो हम इसका सख्त विरोध करते। कर्नाटक जेडी-एस प्रमुख में कहा कि इस मामले में एसआईटी को पूरे तथ्यों के साथ जांच करनी चाहिए।