फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

पार्टी में तकरार: कैप्टन और सिद्धू के बीच झूल रहा कांग्रेस नेतृत्व

Sun, 29 Aug 2021 03:27 AM IST
Jeet Kumar अमर उजाला ब्यूरो, नई दिल्ली।

सार

नेतृत्व को लगता है कि उनके विरोध जताने से सिद्धू के सलाहकार माली को हटना पड़ा है। इसी तरह मुख्यमंत्री की जिम्मेदारी है कि अगर उनके नेतृत्व में चुनाव लड़ा जा रहा है तो सभी विधायकों से तालमेल बैठाना होगा।
विज्ञापन
कैप्टन अमरिंदर सिंह, नवजोत सिंह सिद्धू। - फोटो : अमर उजाला
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

पंजाब को लेकर कांग्रेस नेतृत्व और प्रदेश प्रभारी हरीश रावत की स्थिति पेंडुलम की तरह हो गई है। प्रदेश में कैप्टन अमरिंदर सिंह को मजबूती देते ही नवजोत सिंह सिद्धू और असंतुष्ट नेताओं की तलवारें निकल आती हैं और नेतृत्व के सिद्धू के साथ खड़े होने पर कैप्टन समर्थक नेता सक्रिय हो जाते हैं। 

विज्ञापन


रावत ने कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी से मुलाकात के अगले दिन शनिवार को राहुल गांधी से भेंट की। उन्होंने राज्य के नेताओं के बीच हो रही बयानबाजी और राजनीतिक गतिविधियों की जानकारी दी। उनके बयानों से साफ है कि नेतृत्व कैप्टन और सिद्धू के अलावा अन्य नेताओं को भी तरजीह देना चाहता है।

रावत पंजाब का प्रभार छोड़कर अपने राज्य उत्तराखंड में सक्रिय होना चाहते हैं लेकिन हर दिन दोनों ओर से हो रही बयानबाजी उनकी राह रोक रही है।

इस संबंध में रावत का कहना है कि अगर पार्टी कहती है कि प्रभारी की जिम्मेदारी जारी रखें तो वह ऐसा करते रहेंगे। वह अगले एक दो दिन में पंजाब जाएंगे और मुख्यमंत्री अमरिंदर सिंह और प्रदेश अध्यक्ष नवजोत सिंह सिद्धू से मुलाकात करेंगे। हमारी दो ही प्राथमिकताएं हैं, एक हम कैसे चुनाव जीते और दूसरा लोगों का राजनीतिक हित सुरक्षित रखें। उनका कहना है कि उनके पास आते आते विधायकों के मुद्दे खत्म हो गए थे।
विज्ञापन


सिद्धू आक्रामक खिलाड़ी हैं, तेवर बने रहे 
रावत ने कहा कि सिद्धू आक्रामक खिलाड़ी हैं। हमको तो ताली बजानी है। हम तो चाहते हैं कि हमारे अध्यक्ष के ये तेवर बने रहें। चुनाव के समय हमें आक्रामक बल्लेबाज चाहिए, इसलिए उन्हें बनाया है। उनका कहने का अंदाज है तो उसको भी सहन करना पड़ेगा।

कैप्टन के नेतृत्व में ही चुनाव होगा
उन्होंने कहा कि कैप्टन कांग्रेस के सीएम हैं, सरकार वह ही चला रहे हैं। उनके नेतृत्व में ही चुनाव होगा। कैप्टन से असंतुष्ट विधायकों के सवाल पर उन्होंने कहा कि कैप्टन साहब ने आश्वासन दिया है कि किसी के खिलाफ कोई प्रतिशोध की कार्रवाई नहीं होगी और अगर कहीं कोई कर रहा है तो विधायक और नेता उन्हें बताएं। 


मनीष तिवारी का तंज, वो कत्ल भी करते हैं तो चर्चा नहीं होती
पंजाब से लोकसभा सांसद और कैप्टन समर्थक मनीष तिवारी ने सिद्धू के बयान वाले वीडियो को ट्वीट करते हुए पार्टी नेतृत्व पर तंज कसते हुए लिखा, हम आह भी भरते हैं तो हो जाते हैं बदनाम, वो कत्ल भी करते हैं तो चर्चा नहीं होती।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें