फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Indian Army: सैनिकों के लिए 62500 बुलेटप्रूफ जैकेट खरीदेगी सेना, जारी हुईं दो निविदाएं

Sun, 20 Nov 2022 03:41 PM IST
शिव शरण शुक्ला न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

सैन्य अधिकारियों ने बताया कि इन दो निविदाओं के माध्यम से खरीदे जा रहे जैकेट ग्रेड-4 के होंगे। इन बुलेटप्रूफ जैकेट को स्टील कोर बुलेट के खिलाफ प्रभावी माना जाता है। गौरतलब है कि खरीद प्रक्रिया पूरी होने के बाद ये जैकेट सबसे पहले जम्मू-कश्मीर में आतंकवादी अभियानों में तैनात सैनिकों को प्रदान किए जाएंगे।
विज्ञापन
शक्ति बुलेटप्रूफ जैकेट पहने सेना का जवान - फोटो : एएनआई
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

आतंकी घटनाओं और सीमा पर खतरे को देखते हुए भारतीय सेना ने बड़ा कदम उठाया है। सैनिकों की सुरक्षा के लिए भारतीय सेना ने अपने अग्रिम पंक्ति के सैनिकों के लिए 62,500 बुलेटप्रूफ जैकेट (बीपीजे) खरीदने के लिए निविदा जारी की है। ये बुलेटप्रूफ जैकेट आतंकवादियों द्वारा प्रयोग की जा रही स्टील कोर गोलियों से सैनिकों की सुरक्षा में सहायक साबित होंगे। सेना के अधिकारियों ने इसकी खरीद प्रक्रिया की जानकारी दी है। 

विज्ञापन


भारतीय सेना के अधिकारियों द्वारा दी गई जानकारी के मुताबिक, रक्षा मंत्रालय ने मेक इन इंडिया पहल के तहत इन जैकेटों के लिए दो अलग-अलग निविदाएं जारी की हैं। इस क्रम में  47,627 जैकेटों के लिए सामान्य माध्यम से खरीद निविदा जारी हुई है। सामान्य माध्यम से खरीदे जाने वाले इन  बुलेटप्रूफ जैकैट की खरीद प्रक्रिया एगले 18-24 महीनों में पूरा होने की उम्मीद है। वहीं, दूसरी आपातकालीन खरीद प्रक्रियाओं के तहत 15,000 जैकेटों के लिए है। इस खरीद प्रक्रिया को अगले तीन से चार महीनों में अंतिम रूप दिया जाएगा।

सैन्य अधिकारियों ने बताया कि इन दो निविदाओं के माध्यम से खरीदे जा रहे जैकेट ग्रेड-4 के होंगे। इन बुलेटप्रूफ जैकेट को स्टील कोर बुलेट के खिलाफ प्रभावी माना जाता है। गौरतलब है कि ये खरीद प्रक्रिया पूरी होने के बाद ये जैकेट सबसे पहले जम्मू-कश्मीर में आतंकवादी अभियानों में तैनात सैनिकों को प्रदान किए जाएंगे।
विज्ञापन


इस बीच, ये जानकारी भी सामने आई है कि सेना यह भी सुनिश्चित करेगी कि जैकेट भारत में बने हों और इसके निर्माण में प्रयोग की जाने वाली कोई भी सामग्री किसी भी विरोधी से देश से ना नहीं ली गई हो।
गौरतलब है कि इससे पहले हाल ही में सेना ने 750 ड्रोन्स की खरीद के लिए एक निविदा जारी की है। वहीं, कुछ दिनों पहले 1,000 निगरानी कॉप्टरों की खरीद के लिए भी निविदा जारी हुई थी। साथ ही सेना ने चीन से लगी वास्तविक नियंत्रण रेखा (एलएसी) पर अपनी ताकत बढ़ाने के लिए रिमोट से चलने वाली 80 मिनी विमान प्रणाली की खरीद के लिए भी टेंडर जारी किए थे।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें