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Opposition: मानसून सत्र से पहले विपक्षी दलों की बड़ी बैठक, इन मुद्दों पर सरकार को घेरने की तैयारी

Sat, 19 Jul 2025 09:27 PM IST
निर्मल कांत न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली।

सार

Opposition: संसद के मानसून सत्र से पहले विपक्षी गठबंधन इंडिया के 24 दलों ने ऑनलाइन बैठक कर सरकार को घेरने की रणनीति पर चर्चा की। बैठक में चुनाव आयोग की बिहार में मतदाता सूची की गहन समीक्षा, पहलगाम हमला और ऑपरेशन सिंदूर जैसे मुद्दों को उठाने पर सहमति बनी। कांग्रेस नेतृत्व ने जम्मू-कश्मीर को पूर्ण राज्य का दर्जा, महिला से जुड़ी समस्याओं, बेरोजगारी और किसानों की समस्याओं को प्रमुख मुद्दा बनाने का फैसला लिया।
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मानसून सत्र से पहले विपक्ष की ऑनलाइन बैठक - फोटो : एक्स/जयराम रमेश
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विस्तार
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संसद के मानसून सत्र की शुरुआत से पहले शनिवार को 'इंडिया' ब्लॉक की एक ऑनलाइन बैठक हुई। इसमें उन्होंने इस बात पर चर्चा की कि वे किन मुद्दों पर संसद में सरकार को घेरेंगे और एकजुटता का संदेश देंगे। बैठक में 24 सियासी दलों ने भाग लिया, जिनमें कांग्रेस, तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी), द्रविड़ मुनेत्र कड़गम (द्रमुक), राष्ट्रीय जनता दल (राजद), समाजवादी पार्टी (सपा), राष्ट्रवादी कांग्रेस पार्टी (शरद पवार गुट), शिवसेना (उद्धव ठाकरे गुट), झारखंड मुक्ति मोर्चा (जेएमएम),  माकपा, भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (भाकपा), भाकपा (माले), फॉरवर्ड ब्लॉक, आईयूएमएल और केरल कांग्रेस शामिल हैं। 

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बैठक में कौन-कौन नेता शामिल हुए
यह बैठक सोमवार को शुरू होने जा रहे मानसून सत्र से ठीक पहले हुई है। काफी लंबे अंतराल के बाद विपक्षी दलों की यह बैठक हुई, जिसमें देश की राजनीतिक स्थिति पर विचार-विमर्श किया गया। कांग्रेस के महासचिव जयराम रमेश ने एक्स पर कहा, विपक्षी गठबंधन इंडिया से जुड़े 24 दलों के नेताओं की ऑनलाइन बैठक अभी शुरू हुई है। इस बैठक में कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खरगे, कांग्रेस संसदीय दल की प्रमुख सोनिया गांधी, पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी, जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला, झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन, शरद पवार (राकांपा-शरद पवार गुट), उद्धव ठाकरे (शिवसेना-उद्धव गुट), अभिषेक बनर्जी (टीएमसी), तेजस्वी यादव (राजद), राम गोपाल यादव (सपा), तिरुचि शिवा (डीएमके), माकपा के एम. ए. बेबी, भाकपा के डी. राजा और भाकपा (माले) के महासचिव दीपांकर भट्टाचार्य समेत कई नेता मौजूद थे।

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मानसून सत्र में इन मुद्दों को उठा सकता है विपक्ष
इन नेताओं ने कई अहम मुद्दों पर चर्चा की, जिनमें बिहार में चुनाव आयोग की ओर से की जा रही मतदाता सूची की विशेष गहन समीक्षा, पहलगाम हमले पर चर्चा की मांग और ऑपरेशन सिंदूर शामिल थे। विपक्षी दल बिहार में मतदाता सूची की विशेष समीक्षा का विरोध कर रहे हैं और मांग कर रहे हैं कि इसे तुरंत रद्द किया जाए, क्योंकि वहां अगले कुछ हफ्तों में विधानसभा चुना व होने वाले हैं। वे पहलगाम हमले और ऑपरेशन सिंदूर के दौरान हुए नुकसान पर भी जवाब मांग रहे हैं।

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के इस दावे पर भी चर्चा हो सकती है कि उन्होंने भारत और पाकिस्तान के बीच युद्ध रोकने में भूमिका निभाई थी। इसके साथ ही जस्टिस यशवंत वर्मा के खिलाफ महाभियोग लाने की मांग भी चर्चा में आ सकती है, जिनके घर पर आग लगने के बाद जली हुई नकदी मिलने का मामला सामने आया है। 
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कांग्रेस की है इन मुद्दों को उठाने की योजना
संसद सत्र के दौरान कांग्रेस नेतृत्व ने तय किया है कि वह जम्मू-कश्मीर को पूर्ण राज्य का दर्जा बहाल करने की मांग, देश में महिलाओं पर बढ़ते अत्याचार, किसानों की समस्याएं, बढ़ती बेरोजगारी, देश की सुरक्षा और अहमदाबाद विमान हादसे जैसे मुद्दों को उठाएगा। सोनिया गांधी ने मंगलवार शाम को अपने 10, जनपथ स्थित आवास पर पार्टी की संसदीय रणनीति समूह की बैठक भी बुलाई थी। 

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