फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

ICMR: भारत-फ्रांस मिलकर लगाएंगे मधुमेह के आनुवंशिक मार्करों का पता, 10 करोड़ से अधिक भारतीय हैं पीड़ित

Tue, 05 Mar 2024 07:44 AM IST
यशोधन शर्मा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

मधुमेह दीर्घकालिक गैर-संचारी रोग मधुमेह एक तरह से महामारी का रूप ले चुका है, जिसकी चपेट में फ्रांस की आबादी भी है। 
विज्ञापन
मधुमेह - फोटो : social media
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

मधुमेह के खिलाफ अब भारत और फ्रांस मिलकर लड़ेंगे। नई दिल्ली स्थित भारतीय आयुर्विज्ञान अनुसंधान परिषद (आईसीएमआर) ने दोनों देशों के वैज्ञानिकों को एक साथ लाने के लिए योजना तैयार की है, जिसके तहत भारत और फ्रांस की प्रयोगशालाओं में मधुमेह के आनुवंशिक मार्करों का पता लगाया जाएगा।

विज्ञापन


आईसीएमआर के अनुसार, भारत में इस समय करीब 10 करोड़ से ज्यादा लोग मधुमेह पीड़ित हैं, जो 2045 तक 12.40 करोड़ से अधिक हो सकती है। अध्ययन के अनुसार, पिछले चार दशकों में भारत में मधुमेह के प्रसार में तेजी से वृद्धि हुई है। मधुमेह दीर्घकालिक गैर-संचारी रोग मधुमेह एक तरह से महामारी का रूप ले चुका है, जिसकी चपेट में फ्रांस की आबादी भी है। 

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें