दिल्ली भाजपा के वरिष्ठ नेताओं ने रविवार को एक बड़ी बैठक की। इस बैठक में आगामी लोकसभा चुनावों में पार्टी को जीत दिलाने के लिए अहम मुद्दों पर चर्चा की गई। पार्टी ने यह तय किया है कि आगामी एक जनवरी से 15 जनवरी तक 15 दिन दिल्ली के हर बूथ पर पहुंचकर लोगों को राम मंदिर के उद्घाटन के विषय में बताया जाएगा। लोगों से 22 जनवरी को अपने नजदीकी मंदिर में अयोध्या में राम मंदिर के उद्घाटन के समय पूजा-अर्चना करने का अनुरोध भी किया जाएगा।
इस कार्यक्रम में भाजपा के राष्ट्रीय संगठन मंत्री बीएल संतोष ने कार्यकर्ताओं से कहा कि इस बार लोकसभा चुनाव की परिस्थितियां काफी अनुकूल हैं। इस बार लोकसभा चुनाव में भाजपा को जीत मिलना तय है। लेकिन उन्होंने स्वीकार किया कि इस बार उन्हें अपने वैचारिक विरोधियों का कड़ा विरोध मिलने जा रहा है जो विपक्षी दलों के साथ मिलकर सरकार की राह में मुश्किलें खड़ी करने का काम कर रहे हैं। हालांकि, भाजपा नेता ने विश्वास जताया कि इसके बाद भी भाजपा जीत हासिल करने में सफल रहेगी।
दिल्ली भाजपा के अध्यक्ष वीरेंद्र सचदेवा ने कहा कि इस बार लोकसभा चुनाव में पार्टी पिछले चुनावों से जीत का अंतर ज्यादा बड़ा करने के लक्ष्य से काम कर रही है। इस बार दिल्ली की हर सीट पर 60 प्रतिशत से ज्यादा वोट हासिल करने का लक्ष्य रखा गया है। सचदेवा ने उम्मीद जाहिर की कि जिस प्रकार से अरविंद केजरीवाल सरकार जनता के बीच अलोकप्रिय हो रही है, इस बार विधानसभा चुनाव में उसकी करारी हार होनी तय है। उन्होंने कहा कि दिल्ली के 13000 से ज्यादा बूथों पर इसके लिए अभी से तैयारी शुरू कर देनी चाहिए।
ये होंगे हथियार
दिल्ली जीतने के लिए भाजपा इस बार कई जनहितैषी मुद्दे उठाकर जनता को अपने साथ जोड़ने की कोशिश करेगी। जनता को प्रधानमंत्री आयुष योजना का लाभ न मिलना, पिछड़े वर्गों को ओबीसी आरक्षण न देना और दिल्ली सरकार की योजनाओं में हुए कथित भ्रष्टाचार को भाजपा मुद्दा बनाएगी और जीत हासिल करेगी।