गुजरात के जूनागढ़ जिले में एक मदरसे के 10 बच्चों के साथ कुकर्म के आरोप में एक मौलवी को गिरफ्तार किया गया है। साथ ही पुलिस ने उस मदरसे के 55 वर्षीय एक ट्रस्टी को भी मौलवी के खिलाफ शिकायतों पर संज्ञान नहीं लेने के आरोप में गिरफ्तार किया है। पुलिस ने सोमवार को बताया कि 17 वर्षीय एक बच्चे की शिकायत के आधार पर रविवार को दोनों आरोपियों के खिलाफ पॉक्सो अधिनियम के तहत भी केस दर्ज किया है। जूनागढ़ जिला पुलिस ने अपने बयान में बताया कि आरोपी शिक्षक को उसके सूरत वाले ठिकाने से गिरफ्तार किया गया है, तो वहीं ट्रस्टी जूनागढ़ के एक जगह से पकड़ा गया।
पुलिस ने बताया कि यह मामला उस वक्त सामने आया जब मांगरोल-वेरावल बाईपास पर स्थित मदरसे के एक छात्र ने कुछ दिन पहले एक अन्य मौलाना के मोबाइल से अपनी मां को फोन किया और मौलवी की शिकायत की। उन्होंने बताया कि जब पुलिस जांच के लिए मरदसे पहुंची तो कुछ मुस्लिम नेताओं ने छात्रों को विश्वास में ले लिया था, लेकिन 10 बच्चों ने मौलवी के कृत्यों का भंडाफोड़ किया।
जांच के दौरान पुलिस को मालूम चला कि कुछ छात्रों ने ट्रस्टी से इसके बारे में शिकायत की थी, लेकिन उन्होंने इस मामले हस्तक्षेप करने से इनकार कर दिया। हालांकि, जब ट्रस्टी को यह एहसास हुआ कि शिक्षक के खिलाफ मामला दर्ज किया जाएगा, तो उसने आरोपी को भगाने में मदद की। जूनागढ़ के एसपी हर्षद मेहता ने मदरसे का दौरा किया और छात्रों के अभिभावकों को आश्वासन दिया कि पुलिस मामले की निष्पक्ष जांच करेगी।