फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

खुशखबर: गेल के कैंपस में तैयार होगा 4.3 मिट्रिक टन हाइड्रोजन, मिलेगी 10 मेगावाट बिजली

Fri, 13 May 2022 09:07 PM IST
अभिषेक दीक्षित डिजिटल ब्यूरो, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

गेल का यह प्रोजेक्ट देश के ऊर्जा संकट को हल करने की दिशा में बेहद महत्वपूर्ण कदम साबित हो सकता है। इस प्रोजेक्ट से लगभग 10 मेगावाट क्षमता की ऊर्जा पैदा करने वाला 4.3 मिट्रिक टन हाइड्रोजन प्रतिदिन उत्पन्न किया जा सकेगा।
विज्ञापन
gail - फोटो : gail
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

विश्व में लगातार गंभीर होते ऊर्जा संकट के बीच सभी देश हाइड्रोजन को ईंधन के तौर पर इस्तेमाल करने को बढ़ावा देने लगे हैं। भारत सरकार ने भी हाइड्रोजन को बढ़ावा देने के लिए नेशनल हाइड्रोजन मिशन नीति तैयार की है। इसे ध्यान में रखते हुए गेल (GAIL) ने अब तक के सबसे बड़े प्रोटॉन एक्सचेंज प्रोग्राम शुरू करने की सहमति दी है। इस प्रोजेक्ट को मध्यप्रदेश के गुना जिले में स्थित गेल के विजयपुर कांप्लेक्स में स्थापित किया जाएगा। यह प्लांट 2023 के अंत तक काम करना शुरू कर सकता है। 

विज्ञापन


गेल का यह प्रोजेक्ट देश के ऊर्जा संकट को हल करने की दिशा में बेहद महत्वपूर्ण कदम साबित हो सकता है। इस प्रोजेक्ट से लगभग 10 मेगावाट क्षमता की ऊर्जा पैदा करने वाला 4.3 मिट्रिक टन हाइड्रोजन प्रतिदिन उत्पन्न किया जा सकेगा। यह हाइड्रोजन लगभग 99 फीसदी शुद्धता वाला होगा जिससे इसकी गुणवत्ता बनी रहेगी और उचित मात्रा में बिजली पैदा की जा सकेगी। इस प्रोजेक्ट की सफलता के बाद देश में इसी तरह के अन्य प्लांट लगाए जाने के रास्ते खुल जाएंगे। 

हाइड्रोजन की उपयोगिता बढ़ाने के लिए गेल पहले ही नेचुरल गैस में एक सीमित मात्रा में हाइड्रोजन गैस को मिश्रित करने की योजना पर सफलतापूर्वक काम कर रहा है। इसी साल जनवरी में शुरू हुए इस प्रोजेक्ट में सहयोगी कंपनी के माध्यम से गेल हाइड्रोजन गैस ब्लेंड किया हुआ नेचुरल गैस सप्लाई कर रहा है, जिसके बेहद अच्छे परिणाम बताए जा रहे हैं। गेल अब तक दो फीसदी हाइड्रोजन को सफलतापूर्वक मिश्रित करने की क्षमता हासिल कर चुका है।   

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें