गोवा के भाजपा विधायकों के एक समूह ने गुरुवार को पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) आलोक कुमार से मुलाकात की। उन्होंने डीजीपी से शिकायत कर आरोप लगाया कि राज्य में आने वाले पर्यटकों को यातायात पुलिस द्वारा परेशान किया जाता है। विधायकों ने कहा कि पर्यटक अक्सर किराए पर वाहन लेते हैं, उन्हीं के दस्तावेजों की जांच के बहाने यातायात पुलिस अक्सर परेशान करती है।
विधायकों ने यह भी दावा किया कि इन्हीं सब वजहों से राज्य में लगातार पर्यटकों की संख्या में कमी आती जा रही है।
इन लोगों ने की शिकायत
भाजपा विधायक माइकल लोबो (कलंगुटे), केदार नाइक (सालीगाओ) और डेलिलाह लोबो (सिओलिम) ने पुलिस महानिदेशक (डीजीपी) से मुलाकात की। इन लोगों ने पर्यटकों को हो रही परेशानी को रोकने के लिए यातायात विभाग के कर्मियों को निर्देश जारी करने की मांग की।
दस्तावेज दिखाए जाने के बाद भी रोका जा रहा: लोबो
लोबो ने कहा, 'यातायात पुलिस उन पर्यटकों को रोक रही है, जो किराए पर दो पहिया या अन्य वाहन लेते हैं। आवश्यक दस्तावेज दिखाए जाने के बाद भी उन्हें रोक दिया जाता है।'
पर्यटकों को 15 मिनट तक करना पड़ता है इंतजार
कलंगुटे ने पत्रकारों से कहा कि अगर किराए के वाहन के दस्तावेज सटीक नहीं मिलते हैं तो वाहन को किराए पर देने वालों को पकड़ा जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि कभी-कभी पर्यटकों को रोक लिया जाता है। कई बार उन्हें लाइसेंस जैसे उनके दस्तावेजों की जांच के लिए एक वरिष्ठ पुलिस अधिकारी के पहुंचने के लिए करीब 15 मिनट इंतजार करना पड़ता है।
उन्होंने आगे कहा, 'उन्होंने कहा कि ऐसे कई मामले सामने आए हैं जहां यातायात पुलिस ने दिन में नौ बार पर्यटक को वाहन के दस्तावेजों की जांच के लिए रोका। इन सब की वजह से पर्यटक बुरी यादों के साथ वापस जाते हैं।'
डीजीपी इस बात पर सहमत
भाजपा विधायक के अनुसार, डीजीपी यातायात पुलिस विभाग को पर्यटकों को परेशान नहीं करने का निर्देश देने के लिए सहमत हो गए हैं।
विधायक नाइक ने बताया, 'डीजीपी का कहना है कि यह सुनिश्चित करने के लिए एक क्यूआर कोड-आधारित प्रणाली शुरू की जाएगी कि एक बार किसी विशेष पर्यटक के वाहन से संबंधित दस्तावेजों की जांच हो जाने के बाद उसी व्यक्ति को फिर से उसी प्रक्रिया से न गुजरना पड़े।
लोबो ने कहा कि प्रस्तावित क्यूआर कोड एक स्वागत योग्य कदम होगा क्योंकि इस तरह के व्यवहार के कारण राज्य का पर्यटन विभाग प्रभावित हो रहा है। उन्होंने कहा, 'अंतरराष्ट्रीय पर्यटक गोवा को अपनी छुट्टियों की सूची से हटाने का विकल्प चुन रहे हैं। पूरी इंडस्ट्री घरेलू पर्यटकों पर निर्भर है।'