अगर किसी इमरजेंसी स्थिति में हेलीकॉप्टर को आयोजन स्थल पर उतारने की नौबत आती है तो उसके लिए हेलीपैड तैयार किया गया है। राष्ट्रीय सुरक्षा गार्ड एनएसजी के विशेष स्नाइपर कमांडो, विदेशी मेहमानों के लिए तैयार किए गए मल्टीलेयर सिक्योरिटी सिस्टम का हिस्सा रहेंगे।
एक समय में रहेंगे चार हेलीकॉप्टर
बता दें कि नई दिल्ली में विदेशी मेहमानों के लिए पांच स्तरीय सुरक्षा तैयार किया गया है। जहां पर विदेशी मेहमान ठहरेंगे, वहां हर 100 मीटर पर कमांडो तैनात किए गए हैं। एयरपोर्ट से लेकर होटल, प्रगति मैदान स्थिल आयोजन स्थल, राजघाट एवं दूसरी ऐसे स्थान, जहां पर विदेशी मेहमान जा सकते हैं, उन सभी जगहों पर 360 डिग्री सुरक्षा घेरा रहेगा।
सूत्रों के मुताबिक, जहां से भी विदेशी मेहमानों का काफिला निकलेगा, वहां दिल्ली पुलिस के अलावा केंद्रीय अर्धसैनिक बलों के जवान तैनात होंगे। प्रगति मैदान के पांच किलोमीटर के दायरे में 9 और 10 सितंबर को भारतीय वायु सेना के कुल 24 हेलीकॉप्टर गश्त करेंगे। एक समय में चार हेलीकॉप्टर आसमान से नजर रखेंगे। एक तय समय के बाद दो हेलीकॉप्टर, सिक्योरिटी घेरे से बाहर निकल जाएंगे तो वहीं दो नए हेलीकॉप्टर घेरे में शामिल हो जाएंगे। एक हेलीकॉप्टर में दिल्ली पुलिस का इंस्पेक्टर, एसीपी और एनएसजी कमांडो सवार होंगे।
कारकेड की सुरक्षा करेंगे सीआरपीएफ के कमांडो
कारकेड के दौरान 14 देशों के राष्ट्रपति और प्रधानमंत्री की हिफाजत की जिम्मेदारी सीआरपीएफ के जांबाज कमांडो संभालेंगे। सीआरपीएफ द्वारा ग्रेटर नोएडा स्थित, वीआईपी सिक्योरिटी ट्रेनिंग सेंटर में लगभग 950 सूट बूट वाले 'रक्षकों' का विशेष दस्ता तैयार किया गया है। सीआरपीएफ के 50 ट्रेनरों ने विदेशी मेहमानों की अचूक सुरक्षा के लिए 'रक्षकों का दस्ता तैयार किया है। रक्षकों और ड्राइवरों की लगभग 48 टीमें बनाई गई हैं। सौ से ज्यादा बुलेटप्रूफ वाहन तैयार हैं। सीआरपीएफ के दस्ते, विदेशी मेहमानों के कारकेड की सुरक्षा की जिम्मेदारी संभालेंगे। इसके अलावा सुरक्षा के सबसे निकटतम घेरे में भी सीआरपीएफ के जांबाज कमांडो रहेंगे।
चूंकि अनेक देशों में लेफ्ट हैंड ड्राइविंग होती है, ऐसे में सीआरपीएफ ने करीब 120 ऐसे ड्राइवर ट्रेंड किए हैं, जो बिना किसी दिक्कत के लेफ्ट हैंड वाली गाड़ियां चला सकते हैं। इसके साथ ही लेफ्ट हैंड गाड़ियों में सवार होने वाले मेहमानों का सुरक्षा घेरा भी बदल जाता है। इसके लिए भी जवानों को खास ट्रेनिंग दी गई है।
प्रगति मैदान के बाहर तैनात रहेंगे 1300 जवान
प्रगति मैदान में दिल्ली पुलिस के साढ़े चार हजार जवान तैनात रहेंगे। इनमें से कोई भी वर्दी में नहीं होगा। वे सभी जवान सूट बूट में रहेंगे और उनकी आंखों पर काला चश्मा होगा। इन जवानों को वीवीआईपी सिक्योरिटी की विशेष ट्रेनिंग दी गई है। इसके अलावा दिल्ली पुलिस ने 1300 जवानों को प्रगति मैदान के बाहर तैनात करने की योजना बनाई है। दिल्ली पुलिस के ऐसे जवान, जिन्हें प्रगति मैदान के बाहर तैनात किया जाएगा, वे सभी वर्दी में रहेंगे। इसके साथ ही ट्रैफिक पुलिस के 400 जवान, प्रगति मैदान और उसके आसपास रहेंगे।
दिल्ली पुलिस की साढ़ चार सौ पीसीआर भी विभिन्न जगहों पर तैनात होंगी। साथ ही पचास से अधिक एंबुलेंस और अग्निशमन की गाड़ियां भी आयोजन स्थल के आसपास खड़ी रहेंगी। प्रगति मैदान स्थित आयोजन स्थल एवं दूसरी जगह पर तैनात सुरक्षा कर्मी, अपनी एक्टिव ड्यूटी से इधर-उधर न हों, तैनाती का स्थान न बदलें, इसके लिए आर्टिफिशियल इंटेलीजेंस 'एआई' के जरिए उन पर दोहरी निगरानी रखी जाएगी।