फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

विदेश दौरा: आज से चार दिवसीय मालदीव व श्रीलंका यात्रा पर विदेश मंत्री, बिम्सटेक बैठक में लेंगे हिस्सा

Sat, 26 Mar 2022 06:14 PM IST
प्रांजुल श्रीवास्तव न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

एस जयशंकर 26 व 27 मार्च तक दो दिवसीय मालदीव दौरे पर रहेंगे। इसके बाद 28 से 30 मार्च तक तीन दिवसीय श्रीलंका दौरे पर रहेंगे। वह यहां 29 मार्च को होने वाली बिम्सटेक मंत्रिस्तरीय बैठक में भी हिस्सा लेंगे।
विज्ञापन
विदेश मंत्री एस जयशंकर - फोटो : पीटीआई
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

विदेश मंत्री एस जयशंकर का आज से चार दिवसीय विदेश दौरा शुरू हो गया है। वह 26 से 30 नवंबर तक मालदीव और श्रीलंका की यात्रा पर रहेंगे। वह यह यात्रा दोनों देशों के आमंत्रण पर कर रहे हैं। विदेश मंत्रालय के मुताबिक, एस जयशंकर 26 व 27 मार्च तक दो दिवसीय मालदीव दौरे पर रहेंगे। इसके बाद 28 से 30 मार्च तक तीन दिवसीय श्रीलंका दौरे पर रहेंगे। वह यहां 29 मार्च को होने वाली बिम्सटेक मंत्रिस्तरीय बैठक में भी हिस्सा लेंगे। 

विज्ञापन


मालदीव में राष्ट्रपति व विदेश मंत्री से मुलाकात
विदेश मंत्रालय के मुताबिक, एस जयशंकर मालदीव में राष्ट्रपति इब्राहिम मोहम्मद सोलिह के मुलाकात करेंगे। इसके बाद वह अपने समकक्ष अब्दुल्ला शाहिद से भी मिलेंगे। विदेश मंत्रालय के मुताबिक, मालदीव दौरे पर विदेश मंत्री द्विपक्षीय विकास सहयोग से संबंधित समझौतों पर हस्ताक्षर कर सकते हैं। इस दौरान वह भारत समर्थित योजनाओं का भी उद्घाटन कर सकते हैं। 

श्रीलंका के साथ संबंध और मजबूत करेगा भारत
भारत-श्रीलंका के बीच संबंधों को और मजबूत करने के लिए विदेश मंत्री तीन दिवसीय यात्रा पर जा रहे हैं। वह यहां बिम्सटेक बैठक में भी हिस्सा लेंगे। इस बैठक की मेजबानी श्रीलंका कर रहा है। विदेश मंत्रालय ने कहा कि, पिछले दिनों श्रीलंका के वित्तमंत्री और विदेश मंत्री ने भी भारत का दौरा किया था। 
विज्ञापन


पीएम मोदी भी होंगे शामिल
प्रधान मंत्री नरेंद्र मोदी 30 मार्च को बिम्सटेक समूह के वर्चुअली शिखर सम्मेलन में भाग लेंगे। इस शिखर सम्मेलन में बिम्सटेक के सदस्य देशों के बीच आर्थिक जुड़ाव बढ़ाने पर ध्यान केंद्रित करने की उम्मीद है।

भारत ने की है मदद

भारत ने 15 जनवरी के बाद से मुद्रा विनिमय, आस्थगित पुनर्भुगतान और ईंधन की खरीद और आवश्यक आयात के लिए आर्थिक राहत प्रदान की है। जयशंकर का यह दौरा ऐसे समय में हो रहा है जब संकट से निपटने में लंका सरकार की अक्षमता पर जनता का आक्रोश खुलकर सामने आया है।लोग ईंधन और गैस की कतारों से छुटकारा पाने और लंबे समय तक बिजली कटौती को सहन करने के लिए तत्काल समाधान का आग्रह करते हुए विरोध प्रदर्शन और प्रदर्शन कर रहे हैं। विदेशी मुद्रा संकट से मजबूर आयात प्रतिबंधों के कारण सभी आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति कम है।

भारत ने हाल ही में देश को आर्थिक संकट से निपटने में मदद करने के लिए अपनी वित्तीय सहायता के हिस्से के रूप में श्रीलंका को 1 बिलियन अमरीकी डालर की ऋण सहायता देने की घोषणा की। नई दिल्ली ने फरवरी में कोलंबो को पेट्रोलियम उत्पादों की खरीद में मदद करने के लिए 500 मिलियन अमरीकी डालर का ऋण दिया था।

विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें