वीवीआईपी हेलीकॉप्टर खरीद सौदे को लेकर पूर्व वायुसेनाध्यक्ष एसपी त्यागी से कई दिनों तक जारी सीबीआई पूछताछ के बाद अब प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने भी पूछताछ की है। 3600 करोड़ रुपये मूल्य के इस सौदे को लेकर ईडी ने पहली बार त्यागी से पूछताछ की है।
त्यागी बृहस्पतिवार को 11 बजे से पहले ही एजेंसी के जोनल कार्यालय पहुंच गए थे। एजेंसी के सूत्रों के मुताबिक उनसे अभी और पूछताछ की जाएगी और धन शोधन रोकथाम कानून (पीएमएलए) के तहत उनका बयान दर्ज किया गया है। इसके पहले सीबीआई ने त्यागी से पिछले तीन दिन तक लगातार पूछताछ की थी।
गौरतलब है कि इटली की अदालत ने इतालवी रक्षा एवं एयरोस्पेस क्षेत्र की बड़ी कंपनी फिनमेकेनिका के पूर्व प्रमुख जी ओरसी और कंपनी के पूर्व प्रमुख ब्रूनो स्पैगनोलिनी को भारत को भ्रष्टाचार के आरोप में दोषी ठहराया था। त्यागी का नाम इस फैसले में कई बार सामने आया।
वायुसेना के पूर्व प्रमुख पर आरोप है कि उन्होंने कथित वीवीआईपी हेलीकॉप्टरों की ऊंचाई कथित तौर पर कम करवा दी ताकि अगस्ता वेस्टलैंड को निविदाओं में शामिल किया जा सके। त्यागी ने भारतीय वायुसेना प्रमुख के तौर पर 31 दिसंबर 2005 को पदभार संभाला था और वह 2007 में इस सेवा से सेवानिवृत्त हुए।
ईडी ने पीएमएलए के तहत वर्ष 2014 में मामला दर्ज किया था और धनशोधन की प्राथमिकी में त्यागी समेत 21 लोगों को नामजद किया था। दिल्ली के उद्योगपति गौतम खेतान को गिरफ्तार भी किया गया था। इस बाबत पिछले साल एक आरोपपत्र भी दाखिल किया था।
ईडी ने पहले यह कहा था कि खेतान चंडीगढ़ की कंपनी एयरोमेट्रिक्स के बोर्ड में थे। यह कंपनी कथित हेलीकॉप्टर सौदे में वित्तीय लेनदेन करने वाली कथित तौर पर प्रमुख कंपनी थी। हालांकि त्यागी ने अपनी ओर से किसी भी गड़बड़ी से इंकार किया है।
भारत ने अनुबंध के नियमों के उल्लंघन और सौदा सुनिश्चित करने के लिए 423 करोड़ रुपये की रिश्वत देने के आरोपों के आधार पर एक जनवरी 2014 को फिनमेकेनिका की ब्रितानी इकाई अगस्ता वेस्टलैंड के साथ किए गए इस सौदे को रद कर दिया गया था।