ईडी का कहना है कि सीबीआई की चार्जशीट में आरोप लगाया गया कि पीसीएच एजेंसीज प्राइवेट लिमिटेड, पीसीएच लाइफस्टाइल प्राइवेट लिमिटेड, बलविंदर सिंह और अन्य आरोपियों ने चेन्नई में जॉर्ज टाउन स्थित पंजाब एंड सिंध बैंक की ब्रांच को जानबूझकर घाटा कराया।
प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने 370 करोड़ के बैंक ऋण धोखाधड़ी मामले में हैदराबाद की एक कंपनी के डायरेक्टर को गिरफ्तार किया है। एजेंसी ने बृहस्पतिवार को बताया कि यह कार्रवाई मनी लॉन्ड्रिंग जांच के तहत की गई।
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पीसीएच कारपोरेशन लिमिटेड और अन्य पीसीएच ग्रुप कंपनियों के डायरेक्टर बलविंदर सिंह को 8 फरवरी को गिरफ्तार किया गया था। उन्हें बुधवार को हैदराबाद स्थित विशेष प्रिवेंशन ऑफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट (पीएमएलए) कोर्ट के समक्ष पेश किया गया। कोर्ट ने उन्हें 23 फरवरी तक न्यायिक हिरासत में भेज दिया। ईडी ने आरोपी के खिलाफ दर्ज सीबीआई की एफआईआर और चार्जशीट के आधार पर मनी लॉन्ड्रिंग का मामला दर्ज किया था।
ईडी का कहना है कि सीबीआई की चार्जशीट में आरोप लगाया गया कि पीसीएच एजेंसीज प्राइवेट लिमिटेड, पीसीएच लाइफस्टाइल प्राइवेट लिमिटेड, बलविंदर सिंह और अन्य आरोपियों ने चेन्नई में जॉर्ज टाउन स्थित पंजाब एंड सिंध बैंक की ब्रांच को जानबूझकर घाटा कराया।
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आरोपियों ने फर्जी दस्तावेज दिखाकर क्रेडिट सुविधा हासिल की और ऋण के पैसे को अपने निजी खातों में हस्तांतरित किया। सीबीआई ने पीसीएच ग्रुप ऑफ कंपनीज के खिलाफ बाद में दो और एफआईआर दर्ज की थी। इसने विभिन्न सरकारी और निजी बैंकों से कर्ज लिया और इनका भुगतान नहीं किया।