भारतीय सेना में शामिल पृथ्वी-II का सफल परीक्षण सोमवार को उड़ीसा में किया गया। ये मिसाइल 2003 में भारतीय सेना का हिस्सा बनी थी। परमाणु हथियार ले जाने में सक्षम मिसाइल का एक के बाद एक दो बार टेस्ट किया गया।
मिसाइल प्रक्षेपण का ये कार्यक्रम बालासोर जिले के चांदीपुर में हुआ। 9 बजकर 35 मिनट पर इसे आईटीआर के प्रक्षेपण परिसर से मोबाइल लॉन्चर की मदद से प्रक्षेपित किया गया। इस मिसाइल की ताकत इसकी 350 किलोमीटर तक मारक क्षमता है।
जानिए क्या है पृथ्वी-II की खासियत
पृथ्वी-II पहली देश में बनाई गई बैलिस्टिक मिसाइल है।
ये सॉलिड और लिक्विड दोनों तरह के इंजन से चलाई जा सकती है।
इससे पहले 2016 और 2014 को इसका सफल यूजर ट्रायल हुआ था।
मिसाइल 500 से 1000 किलोग्राम तक वजनी हथियार ले जाने में सक्षम है।