प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) ने दिल्ली की निरस्त ‘आबकारी नीति’ से जुड़ी अनियमितताओं के मामले में फार्मा व शराब कंपनियों के दो शीर्ष अफसरों को बृहस्पतिवार को गिरफ्तार किया। दिल्ली की विशेष पीएमएलए अदालत ने इन्हें एक हफ्ते की ईडी की हिरासत में भेज दिया है।
अधिकारियों के अनुसार, शराब कंपनी परनोड रिकॉर्ड के महाप्रबंधक बिनोय बाबू और अरबिंदो फार्मा के पूर्णकालिक निदेशक और प्रवर्तक शरत चंद्र रेड्डी पूछताछ के दौरान टालमटोल करते रहे। इस वजह से यह कार्रवाई की गई। अधिकारियों ने बताया, ये दोनों सरकारी अफसरों के साथ मिलकर दिल्ली की आबकारी नीति को बनाने में संलिप्त थे और पूरे नेटवर्क को संगठित रूप देने में भी उनकी भूमिका थी।
दिल्ली के उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया शराब घोटाले के मुख्य आरोपी हैं। जांच एजेंसी ने सितंबर में शराब कंपनी इंडोस्पिरिट के प्रबंध निदेशक समीर महेंद्रू को गिरफ्तार किया था। वहीं, इस महीने की शुरुआत में सिसोदिया के निजी सहायक के परिसर पर छापा मारा था। बाद में दिल्ली स्थित अपने कार्यालय में उनसे पूछताछ की थी।
कार्टेल गठन की थी जिम्मेदारी
ईडी ने कोर्ट में बताया, आबकारी विभाग ने आरोपियों के प्रभाव में कार्टेल के गठन और संचालन की अनुमति दी। ऐसा दिल्ली के आबकारी अफसरों और दिल्ली सरकार के सदस्यों को रिश्वत के बदले में किया गया।
सबूत मिटाने के लिए उपमुख्यमंत्री सिसोदिया व अन्य ने बदले 140 फोन
ईडी ने दोनों अधिकारियों की रिमांड पर सुनवाई के दौरान कोर्ट को बताया... कुछ शराब निर्माताओं को आबकारी नीति बहुत पहले ही लीक कर दी गई थी। वहीं, डिजिटल सबूत नष्ट करने के इरादे से सिसोदिया सहित तीन दर्जन वीआईपी ने 140 से अधिक मोबाइल फोन (लगभग 1.20 करोड़ रुपये मूल्य के) बदले।
चुनिंदा समूहों ने अनुचित लाभ लेने के लिए दी 100 करोड़ की रिश्वत
ईडी ने बताया, पूछताछ में खुलासा हुआ है कि 2021-22 में चुनिंदा व्यापारिक समूहों ने अनुचित लाभ पाने के लिए 100 करोड़ रुपये की रिश्वत दी थी।
अरबिंदो फार्मा के शेयर 12 फीसदी तक गिरे, कंपनी की सफाई- उचित वक्त पर साझा करेंगे सूचना
हैदराबाद स्थित अरबिंदो फार्मा लि. ने बीएसई को फाइलिंग में कहा कि वह मामले में विवरण जुटा रहा है। उचित समय पर सूचनाएं साझा की जाएंगी। रेड्डी की गिरफ्तारी, अरबिंदो फार्मा या सहायक कंपनियों के संचालन से जुड़ी नहीं है। गिरफ्तारी की खबर आने के बाद बीएसई में कंपनी के शेयरों की कीमतें करीब 12 फीसदी तक गिर गईं।