फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

Sitaram Yechury: माकपा नेता सीताराम येचुरी एम्स में दाखिल, फेफड़ों में संक्रमण के चलते हो रहा इलाज, हालत स्थिर

Fri, 06 Sep 2024 05:25 PM IST
बशु जैन डिजिटल ब्यूरो, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

माकपा ने बताया कि कामरेड सीताराम येचुरी की हालत स्थिर है। 77 वर्षीय माकपा नेता सीताराम येचुरी को।पहले 19 अगस्त को एम्स में भर्ती कराया गया था। बाद में उन्हें आईसीयू में ले जाया गया था।
विज्ञापन
सीताराम येचुरी। - फोटो : ANI
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी  के महासचिव सीताराम येचुरी को एम्स में फेफड़ों के संक्रमण के इलाज़ के लिए दाखिल किया गया है। एम्स में उनका इलाज आईसीयू में चल रहा है। अस्पताल से मिली जानकारी के मुताबिक सीताराम येचुरी की हालत अभी गंभीर बनी हुई है। वह बीते दो दिनो से वेंटिलेटर पर हैं। डॉक्टरों की टीम उनका इलाज कर रही है।

विज्ञापन


माकपा ने बताया कि कामरेड सीताराम येचुरी की हालत स्थिर है। 77 वर्षीय माकपा नेता सीताराम येचुरी को।पहले 19 अगस्त को एम्स में भर्ती कराया गया था। बाद में उन्हें आईसीयू में ले जाया गया था। तभी से उनका इलाज किया जा रहा है। गुरुवार को उनकी तबीयत एक बार फिर बिगड़ गई थी।

सीताराम येचुरी के बारे में जानिए
सीताराम येचुरी भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) के महासचिव और पार्टी के संसदीय समूह के नेता हैं। उनका जन्म 12 अगस्त 1952 को चेन्नई में एक तेलुगु भाषी ब्राह्मण परिवार में हुआ था। वह 2016 में राज्यसभा में सर्वश्रेष्ठ सांसद पुरस्कार से सम्मानित किया गया था। आपातकाल में जेएनयू में रहते हुए उन्हें गिरफ्तार किया गया था। इसके बाद वह लगातार तीन बार जेएनयू छात्र संघ के अध्यक्ष चुने गए। 1984 में उनको सीपीआई एम की केंद्रीय समिति में शामिल किया गया था। 2015 में उनको पार्टी का महासचिव चुना गया।  
विज्ञापन


येचुरी 2005 में पश्चिम बंगाल से राज्यसभा के लिए चुने गए थे। उन्होंने सदन में कई मुद़्दे उठाए। पिछले कई दिनों से उनका स्वास्थ्य खराब चल रहा है। हाल ही में येचुरी की मोतयाबिंद की सर्जरी हुई थी। अब फेफड़ों में संक्रमण के चलते उनको एम्स में भर्ती किया गया है।  उन्होंने हाल ही में कोलकाता की घटना को लेकर बयान दिया था। साथ ही नए आपराधिक कानूनों को लेकर दायर याचिका में विपक्षी गठबंधन इंडिया का समर्थन किया था। वामपंथी नेताओं के तौर पर उनकी अलग पहचान है। वह हमेशा वामपंथी विचारधारा को लेकर आवाज उठाते रहते हैं। 
विज्ञापन


विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें