भारत में तबाही मचा रहे B.1.617.2 वैरिएंट को लेकर दुनिया के कई देशों में चिंता बढ़ गई है। अब तक यह वैरिएंट 48 देशों में पहुंच चुका है। ब्रिटिश मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक, ब्रिटेन के प्रधानमंत्री बॉरिस जॉनसन ने कहा कि वह इस वैरिएंट को लेकर चिंतित हैं। कई विशेषज्ञों ने ब्रिटेन में पाबंदियों को हटाने के फैसले को रोकने की मांग की है। कई विशेषज्ञों का कहना है कि केंट वैरिएंट B.1.1.7 की तुलना में B.1.617.2 वैरिएंट 40 से 50 फीसदी तक ज्यादा तेजी से फैल सकता है और अभी 95 फीसदी संभावना है कि यूके में B.1.617.2 के मामले अधिक हो सकते हैं।
तेजी से फैल रहा B.1.617.2 वैरिएंट
बता दें कि 22 मई तक दुनियाभर में B.1.617.2 वैरिएंट के 7322 सिक्वेंस मिले हैं। एक रिपोर्ट के मुताबिक, दुनिया में इस वैरिएंट का प्रसार अभी 1 फीसदी है। भारत में इस वैरिएंट के 1124 सैंपल मिले है। 7 मई तक इसका प्रचार 15 फीसदी के करीब रहा। ब्रिटेन पर इस वैरिएंट के केस तेजी से बढ़ रहे हैं। अमेरिका में अभी इसका प्रसार 0.5 फीसदी ही है।
कितना खतरनाक है B.1.617.2 वैरिएंट
विशेषज्ञों के मुताबिक, B.1.617.2 वैरिएंट से संक्रमित सिर्फ 1.1 फीसदी लोगों को अस्पताल में भर्ती होना पड़ रहा है। जबकि B.1.617 वैरिएंट से संक्रमित 1.5 फीसदी लोगों को अस्पताल में भर्ती होना पड़ता है। इससे पता चलता है कि यह वैरिएंट थोड़ा कम प्रभावी है। विशेषज्ञ कहते हैं कि जल्द ही B.1.617 वैरिएंट को B.1.617.2 टेकओवर कर लेगा।