Covid 19 (कोरोना वायरस) महामारी के प्रकोप के चलते देशभर में बड़े शहरों से हजारों की संख्या में प्रवासी मजदूर पलायन कर रहे हैं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 24 मार्च को देशभर में 21 दिनों के लिए लॉकडाउन की घोषणा की थी। प्रवासी मजदूर भुखमरी के डर से अपने परिवार के साथ सैकड़ों किलोमीटर पैदल चल रहे हैं। इनमें बुजुर्ग, बच्चे, महिलाएं और दिव्यांग भी शामिल हैं। कौन हैं ये लोग और कहां जा रहे हैं?
दिल्ली के आनंद विहार से प्रवासी मजदूरों के पलायन की एक तस्वीर और वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो गई। लॉकडाउन के बावजूद अपने-अपने घरों के लिए बस पकड़ने के लिए हजारों की संख्या में लोग उमड़ पड़े। कुछ ऐसा ही मंजर गाजियाबाद के कौशांबी और दिल्ली के धौला कुआं में देखने को मिला।
विज्ञापन
ऐसे में सवाल यह उठता है कि आखिर प्रवासी मजदूरों के मन में क्या चल रहा है। आवश्यक चीजों की आपूर्ति के लिए प्रधानमंत्री के आश्वासन के बावजूद प्रवासी मजदूरों की परिस्थिति क्या है जिसकी वजह से उन्होंने अपने गांव लौट जाने का फैसला किया। इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट से पता चलता है कि पलायन कर रहे प्रवासी कौन हैं और कहां जा रहे हैं।
माधुरी, उम्र: 25 साल
परिवार के सदस्य: 4
पेशा: लुधियाना में एक नट बोल्ट फैक्ट्री में काम करती हैं।
कमाई: 6,000 रुपये प्रति महीने
कहां जा रही हैं: सीतापुर, उत्तर प्रदेश (यूपी)
पलायन का कारण: "मैं तीन महीने पहले ही लुधियाना आई थी, लेकिन अब लॉकडाउन के बाद मेरे पास सीतापुर जाने के अलावा कोई विकल्प नहीं है, उम्मीद है कि तीन महीने वहां गुजारेंगे।"
रोशन कुमार, उम्र: 25 साल
परिवार के सदस्य: 8
पेशा: हिमाचल प्रदेश के हमीरपुर में बढ़ई का काम
कमाई: 10,000 रुपये प्रति महीने
कहां जा रहे हैं: सहारनपुर, यूपी
पलायन का कारण: "दुकानें पिछले 10 दिनों से बंद हैं। काम नहीं है, यानी कमाई भी नहीं होगी।
रोशन कुमार, उम्र: 22 साल
परिवार के सदस्य: 6
पेशा: हिमाचल प्रदेश के बद्दी में एक कारखाने में काम करते हैं
कमाई: 10,000 रुपये प्रति महीने;
कहां जा रहे हैं: बिहार
पलायन का कारण: "कारखाने को तीन महीने के लिए बंद कर दिया जाएगा। प्रबंधक ने मेरे बैंक खाते में अगले महीने का वेतन देने का वादा किया।"
आजम, उम्र: 27 साल
परिवार के सदस्य: 5
पेशा: लुधियाना में फ्लाईओवर निर्माण में मजदूर
कमाई: 500 रुपये प्रति दिन
कहां जा रहे हैं: गजरौला, यूपी
पलायन का कारण: "22 मार्च से कोई काम नहीं मिला, इसलिए पिछले 8 दिनों से कोई कमाई नहीं हुई है।"
हालांकि केंद्रीय गृह मंत्रालय की सख्ती के बाद उत्तर प्रदेश से लगे सभी राज्यों की सीमाओं को सील कर दिया गया है। प्रदेश से सटे राज्यों से अब लोग पैदल भी नहीं आ सकेंगे। डीजीपी हितेश चंद्र अवस्थी ने बताया की यूपी से लगे उत्तराखंड, दिल्ली, हिमाचल प्रदेश, हरियाणा, राजस्थान, मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, झारखंड और बिहार की सीमाओं को सील कर दिया गया है। अब इन राज्यों से लोग लॉकडाउन की अवधि में यूपी में प्रवेश नहीं कर सकते हैं। नेपाल से लगे प्रदेश के 6 जिलों में भी सीमाओं को सील कर दिया गया है।
बता दें कि देश में कोरोना वायरस से मरने वालों की संख्या 29 हो गई है। स्वास्थ्य मंत्रालय की ओर से जारी आंकड़ों के मुताबिक देश में कुल मरीजों की संख्या 1071 हो गई है। इसमें 99 मरीज स्वस्थ हो चुके हैं या उन्हें अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है और एक बाहर चला गया है। जबकि 942 लोगों का अभी इलाज चल रहा है।