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Politics: 'अक्सर हवाई सफर करने वाले मणिपुर की यात्रा कब करेंगे', कांग्रेस का PM मोदी पर कटाक्ष

Tue, 03 Sep 2024 10:55 AM IST
काव्या मिश्रा न्यूज डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली

सार

कांग्रेस महासचिव प्रभारी जयराम रमेश ने पीएम मोदी की  ब्रुनेई और सिंगापुर की यात्रा को लेकर हमला बोला। 
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jairam ramesh - फोटो : X (Indian Youth Congress)
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विस्तार
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कांग्रेस ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के ब्रुनेई और सिंगापुर की यात्रा पर तंज कसा। सबसे पुरानी पार्टी ने पूछा कि 'हमारे फ्रीक्वेंट फ्लायर' यानी अक्सर हवाई यात्रा करने वाले मणिपुर जैसे अशांत राज्य की मानवीय यात्रा कब करेंगे। 

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ब्रुनेई और सिंगापुर दौरे पर पीएम
गौरतलब है, प्रधानमंत्री मोदी सभी मौजूदा क्षेत्रों में द्विपक्षीय सहयोग को और मजबूत करने के लिए सुल्तान हाजी हसनल बोल्किया के निमंत्रण पर तीन-चार सितंबर को ब्रुनेई का दौरा कर रहे हैं। मोदी की ब्रुनेई यात्रा किसी भारतीय प्रधानमंत्री की पहली द्विपक्षीय यात्रा होगी। इसके बाद वे सिंगापुर के प्रधानमंत्री लॉरेंस वोंग के निमंत्रण पर सिंगापुर जाएंगे। यह यात्रा 4-5 सितंबर के बीच निर्धारित है।

कांग्रेस का हमला
कांग्रेस महासचिव प्रभारी जयराम रमेश ने कहा, 'नॉन-बायोलॉजिकल प्रधानमंत्री ब्रुनेई की ऐतिहासिक यात्रा कर रहे हैं। इसके बाद वह सिंगापुर जाएंगे। हमारे फ्रीक्वेंट फ्लायर यानी अक्सर उड़ान भरने वाले अशांत राज्य मणिपुर की मानवीय यात्रा कब करने जा रहे हैं?'
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उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री एन बीरेन सिंह के दावे के उलट मणिपुर में अभी भी बहुत तनावपूर्ण हालात बने हुए हैं। आज मणिपुर में हिंसा भड़के हुए ठीक 16 महीने हो गए हैं। इसके कारण अबतक सैकड़ों लोगों की मौत हो गई, जबकि हजारों लोगों को अपना घर छोड़ राहत शिविरों में रहने को मजबूर होना पड़ रहा है। यह लोग दयनीय स्थिति में रह रहे हैं।

कांग्रेस नेता ने आगे कहा कि यह विश्वास से परे है कि नरेंद्र मोदी को अभी भी राज्य में जाने और राजनीतिक दलों, लोगों तथा सामाजिक समूहों के साथ बातचीत करने का समय नहीं मिला है। 

मीडिया रिपोर्ट को टैग करते हुए दागे सवाल
बता दें, रमेश ने एक मीडिया रिपोर्ट को भी टैग किया, जिसमें मैतेई और कुकी-जोमी समुदायों के बीच की खाई को पाटने के लिए बीरेन सिंह द्वारा नियुक्त एक दूत के हवाले से कहा गया है कि ऐसे माहौल में, जो बातचीत के लिए अनुकूल नहीं है, हिंसा के बीच मध्यस्थता करना कठिन है।



कांग्रेस ने शुक्रवार को सवाल उठाया था कि प्रधानमंत्री मोदी हिंसा प्रभावित मणिपुर का दौरा करके शांतिदूत क्यों नहीं बन सकते, जब वह पूरी दुनिया में यह भूमिका निभाने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा था कि राज्य के मुख्यमंत्री ने अपनी विश्वसनीयता खो दी है और उनके नेतृत्व में चीजें नहीं सुधर सकतीं।

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