चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ (सीडीएस) जनरल बिपिन रावत ने शुक्रवार को केरल पुलिस द्वारा आयोजित हैकिंग एंड साइबरसिक्योरिटी से जुड़े एक कार्यक्रम में हिस्सा लिया। यहां जनरल रावत ने साइबर अपराधों और नई तकनीक पर खतरे के बारे में चर्चा की। सीडीएस ने कहा कि भारत में महामारी के दौरान साइबर अपराध 500 फीसदी तक बढ़ चुके हैं। उन्होंने आधुनिक समय की तकनीक से जुड़ी चुनौतियों का जिक्र करते हुए कहा कि अब हमें ड्रोन्स, रैनसमवेयर, इंटरनेट ऑफ थिंग्स (IoT) डिवाइसेज और इनके इस्तेमाल में भूमिका निभाने वाले देशों के खतरे से निपटने की जरूरत है।
जनरल रावत ने आगे भारतीय कानूनों में बदलाव की वकालत करते हुए कहा, "नई तकनीक में वर्चुअल करेंसी और ब्लॉकचेन्स का भी प्रसार हुआ है। इसलिए हमें सूचना एवं प्रौद्योगिकी कानून, 2000 (आईटी एक्ट) में संशोधन की जरूरत है। इसके अलावा डेटा सुरक्षा विधेयक, 2019 को भी अंतिम रूप दिया जाना है।"