वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने बुधवार को संसद में केंद्रीय बजट 2023 पेश किया। इस बार के बजट में मध्यम वर्गों का खासा ख्याल रखा गया है। प्रधानमंत्री मोदी ने भी बजट की जमकर तारीफ की। वहीं केंद्रीय वित्त मंत्री सीतारमण ने इस बार रेलवे और रक्षा क्षेत्र के लिए भी फंड के आवंटन में अभूतपूर्व बढ़ोतरी का एलान किया है। आइए जानते हैं पिछले साल की तुलना में इस साल रेलवे से लेकर रक्षा क्षेत्र में कितना फंड आवंटित किया गया...
पिछले साल की तुलना में 'रेलवे' को कितना अधिक मिला फंड
केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने रेलवे को 2023-24 में कुल 2.40 लाख करोड़ रुपये फंड आवंटित करने का एलान किया जो कि अब तक सबसे अधिक है। वहीं पिछले साल से तुलना की जाए तो यह एक लाख करोड़ अधिक है क्योंकि 2022 में 1.40 लाख करोड़ रुपये आवंटित किए गए थे। इसके अलावा अगर 2013-14 से तुलना की जाए तो ये बजट लगभग 9 गुना ज्यादा है।
पिछले साल की तुलना में 'रक्षा क्षेत्र' को कितना अधिक मिला फंड
केंद्रीय वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने रक्षा क्षेत्र को 2023-24 में कुल 5.94 लाख करोड़ रुपये फंड आवंटित करने का एलान किया वहीं 2022 में 5.25 लाख करोड़ रुपये आवंटित किए गए थे। यानी कि 2023 में साल 2022 की तुलना में 69 लाख करोड़ रुपये अधिक आवंटित किए गए।
पिछले साल की तुलना में इस बार 'कृषि क्षेत्र' की क्या रही स्थिति
बजट में कृषि क्षेत्र के लिए 2023-24 में कुल 1.25 लाख करोड़ रुपये आवंटित किए गए हैं, जबकि वित्त वर्ष 2022-23 में लगभग 1.24 करोड़ रुपए फंड का प्रावधान किया गया था।
शिक्षा के क्षेत्र में इस बार कितना बजट, पिछली बार के मुकाबले क्या रही स्थिति
आम बजट 2023-24 में शिक्षा के लिए 1,12,899 करोड़ रुपए आवंटित किये गए हैं। बता दें कि पिछले साल के बजट 2022 में शिक्षा के लिए कुल 1,04,278 करोड़ रुपये आवंटित किए गए थे। यानी 8 हजार करोड़ से ज्यादा का इजाफा।
खेल मंत्रालय को कितना बजट, पिछले साल की तुलना में क्या रही स्थिति
केंद्र सरकार ने युवा और खेल मामलों के मंत्रालय के लिए 3397.32 करोड़ रुपये का बजट पेश किया है, जो पिछले साल के बजट 2773.35 करोड़ रुपये से 723.97 करोड़ रुपये ज्यादा है।
स्वास्थ्य मंत्रालय को कितना बजट, पिछले साल की तुलना में क्या रही स्थिति
बजट में स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए 2023-24 में 86 हजार करोड़ रुपए आवंटित किए गए हैं। पिछले बजट में स्वास्थ्य क्षेत्र के लिए 83 हजार करोड़ रुपए आवंटित किए गए थे। यानी इस बार 2.71 फीसदी की बढ़ोतरी की गई है।