ब्रिटेन के विदेश मंत्री बोरिस जॉनसन ने एक इंटरव्यू में भारत से रिश्तों पर बात करते हुए कहा कि अब पहले के मुकाबले ज्यादा भारतीय छात्र यूके पढ़ने जा रहे हैं और आगे भी ऐसा होता रहेगा। बोरिस ने बताया कि यूके दूसरे देशों के मुकाबले भारत के ज्यादा से ज्यादा छात्रों को वीजा देने की कोशिश करता रहा है।
बोरिस ने जीएसटी और नोटबंदी पर पूछे गए सवाल का भी जवाब दिया। उन्होंने नोटबंदी को एक बोल्ड कदम बताया और जीएसटी को लागू करने के लिए भारत सरकार को बधाई भी दी। बोरिस ने कहा कि बिजनेस और नौकरियों के अवसर बढ़ाने के लिए जो हो सके वह करना चाहिए।
बोरिस से विजय माल्या को भारत लाने से संबंधित सवाल भी पूछा गया था, जिसपर उन्होंने कहा कि वह मामला अदालत के अधिकार क्षेत्र के अंदर है और सरकार का रोल इसमें काफी कम है।
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कश्मीर को लेकर भारत-पाकिस्तान में होने वाले विवाद पर बोरिस ने कहा कि दोनों देशों को कश्मीरी लोगों के भले के लिए इसे सुलझाना चाहिए। उन्होंने यह भी कहा कि ब्रिटेन इसमें कोई रोल अदा नहीं करना चाहेगा।
बोरिस ने आगे कहा कि आतंकवाद के मुद्दे पर यूके भारत के साथ कंधे से कंधे मिलाकर खड़ा है और उनकी तरफ से भी वक्त-वक्त पर पाकिस्तान को कहा जाता रहा है कि वह आतंकवाद के खिलाफ कोई मजबूत कदम उठाएं।