देश के पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की अस्थियां नदी में विसर्जित करने वाले भाजपा नेता नाव पलटने से नदी में गिर गए। मामला उत्तर प्रदेश के बस्ती का है। यहां अमहट पुल के पास कुओनी नदी में शनिवार को संतुलन बिगड़ने से नाव पलट गई थी। उस वक्त नाव पर सांसद, विधायक, जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक सहित कई लोग नदी में गिर गए।
बता दें पूर्व पीएम का निधन 16 अगस्त की शाम दिल्ली के एम्स अस्पताल में हुआ था। उनका 17 तारीख को अंतिम संस्कार किया गया। जिसके बाद भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने उनकी अस्थियों को देश के विभिन्न राज्यों की नदियों में विसर्जित करने की योजना बनाई। हालांकि वहां मौजूद सुरक्षा कर्मियों ने उन्हें पानी से बाहर निकाल लिया।
जानकारी के मुताबिक उत्तर प्रदेश के बस्ती में यात्रा के बाद अमहट घाट पर अस्थि कलश को लाया गया। इसके बाद सभी नेताओं ने स्व. नेता की आत्मा की शांति के लिए दो मिनट का मौन धारण किया। फिर भाजपा के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष रामपति राम त्रिपाठी कलश को लेकर नाव पर उतरे। उस वक्त उनके साथ राज्य मंत्री सुरेश पासी, सांसद हरीश द्विवेदी, स्थानीय विधायक और पुलिस अधीक्षक दिलीप कुमार भी नाव में उतरे। नाव में क्षमता नहीं थी कि उसपर ज्यादा लोग सवार हो सकें लेकिन फिर भी उसमें लोग सवार होते जा रहे थे। जिस कारण नाव का संतुलन बिगड़ गया।
नेताओं के पानी में गिरने के बाद वहां मौजूद पुलिसकर्मी और लोग पानी में कूदे और नेताओं को बाहर निकाला। उस वक्त करीब 17 लोग नाव में सवार थे। इसके बाद सबने अस्थियों को नदी में प्रवाहित किया।