दिल्ली के संसद भवन, इंडिया गेट, ग्यारह मूर्ति और आगरा के ऐतिहासिक किले को अगर आप एक साथ देखना चाहते हैं, तो गुजरात के भुजोड़ी गांव आइए। कच्छ की तमाम खासियतें हैं, एक अलग सांस्कृतिक पहचान है और इसका अपना एक इतिहास भी है। लेकिन भुजोड़ी गांव में देशभक्ति की ऐसी बेहतरीन और कलात्मक मिसाल मिलेगी कि आप चकित रह जाएंगे।
यहां हाल ही बनाए गए ‘वंदे मातरम् मेमोरियल’ में ब्रिटिश राज से लेकर आजादी तक का बेहतरीन सफरनामा है। वह भी कुछ इस अंदाज में, मानो वो सारे पल सजीव हो उठे हों। ये पूरा सफरनामा आधुनिक 4डी तकनीक के जरिये यहां बने संसद भवन के 17 शानदार कमरों में देखा जा सकता है।
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करीब 12 एकड़ में बने ‘वंदे मातरम् मेमोरियल’ में अकेले संसद भवन को एक लाख वर्ग फीट में बनाया गया है। इसमें करीब 60 करोड़ की लागत आई और इसके बनने में चार साल लगे। खनन के क्षेत्र में काम करने वाली कंपनी आशापुरा समूह ने ‘वंदे मातरम् मेमोरियल’ बनाकर भुजोड़ी को दुनिया के पर्यटन मानचित्र पर एक खास पहचान दी है। इंडिया गेट से आप इस मेमोरियल में दाखिल होते हैं और खूबसूरत रास्ते से होते हुए आप सीधे संसद भवन पहुंचते हैं। इसके बाईं ओर गांधी जी के डांडी मार्च वाली दिल्ली के ग्यारह मूर्ति की प्रतिमूर्ति दिखेगी और तो दाईं ओर संसद भवन में बनी गांधीजी की विशाल प्रतिमा भी आपको दिख जाएगी। फिर आपको नजर आएगा आगरा फोर्ट और इसके भीतर गांधीजी, सरदार पटेल से लेकर आजादी के तमाम सपूतों की जीवंत आकृतियां।