फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

अरुण जेटली बोले- भारत की सीमाओं की रक्षा के लिए पूरी ताकत लगा दे सेना

Tue, 15 Aug 2017 01:35 AM IST
एजेंसी/भाषा
विज्ञापन
arun jaitely
विज्ञापन
कश्मीर में सीमापार आतंकी गतिविधियों और डोकलाम में चीन के साथ गतिरोध की पृष्ठभूमि में रक्षा मंत्री अरुण जेटली ने आज सशस्त्र बलों का आह्वान किया कि वे अपनी पूरी ताकत के साथ देश की सीमाओं की रक्षा करें।
विज्ञापन


पाकिस्तान को कड़े संदेश में जेटली ने उसे भारत के खिलाफ आतंकवाद के घृणित कृत्यों को जारी नहीं रखने की चेतावनी दी और इस्लामाबाद को पिछले साल 29 सितंबर को भारतीय सेना द्वारा किये गये सर्जिकल स्ट्राइक की याद दिलाई।

उन्होंने कहा कि सर्जिकल हमलों में आतंकवादी और उन्हें मदद पहुंचा रहे लोग बड़ी संख्या में हताहत हुए थे। भारतीय स्वतंत्रता संग्राम में अनगिनत देशभक्तों के योगदान का उल्लेख करते हुए जेटली ने सीधे तौर पर किसी देश का नाम नहीं लिया, लेकिन कहा कि राष्ट्र अब अपनी सीमाओं के बचाव के लिए सशस्त्र बलों की ओर देखते हैं।
विज्ञापन


उन्होंने कहा, ‘‘देश अब अपनी सीमाओं की रक्षा के लिए आपकी ओर देखता है कि आप अपनी पूरी ताकत से और पूरी क्षमता से काम करें ताकि आज रात हमारे सभी लोग शांति से सोएं, ताकि हम सब कल एक नया सवेरा देखें और अपने देश को हमारी पूरी जनता के लिए शांति और समृद्धि की नयी ऊंचाइयों तक ले जाएं।’’

इन बयानों को इस लिहाज से महत्वपूर्ण माना जा रहा है कि डोकलाम में भारत और चीन की सेनाओं के बीच पिछले आठ सप्ताह से गतिरोध की स्थिति है।
 
विज्ञापन

राष्ट्र उनके बलिदान के प्रति कृतज्ञ है

arun jaitley - फोटो : pti
रक्षा मंत्री 71वें स्वतंत्रता दिवस की पूर्व संध्या पर एक परंपरागत रेडियो प्रसारण में सशस्त्र बलों के जवानों को संबोधित कर रहे थे। जम्मू कश्मीर में सीमापार आतंकवाद का जिक्र करते हुए जेटली ने कहा कि सशस्त्र बल के जवान देश की रक्षा करने के लिए नियंत्रण रेखा पर सतर्कता बनाये रखते हैं क्योंकि हमारे दुश्मन अपनी घृणित करतूतों को जारी रखते हैं।

उन्होंने कहा कि हम अपने पश्चिमी पड़ोसी देश से बार बार यह आग्रह करते हैं कि अपने कब्जे वाले हमारे क्षेत्र का इस्तेमाल न केवल आतंकवादियों के प्रशिक्षण के लिए बल्कि भारत में इन आतंकियों को भेजने के लांच पैड के तौर पर भी नहीं करे, इसके बावजूद इस तरह की घृणित गतिविधियां जारी हैं।

जेटली ने कहा कि ये आतंकी न केवल सशस्त्र बलों पर निशाना साध रहे थे बल्कि नागरिकों को भी निशाना बना रहे थे, ऐसे में भारत के सब्र का बांध टूट गया और भारतीय सेना ने प्रामाणिक जानकारी के आधार पर पिछले साल 29 सितंबर को ऐसे कई लांच पैडों पर सर्जिकल स्ट्राइक की ताकि आतंकियों की घुसपैठ को रोका जा सके।

उन्होंने कहा, ‘‘अभियानों में इस बात पर ध्यान दिया गया कि ये आतंकी विनाश करने और हमारे नागरिकों की जान खतरे में डालने की अपनी साजिश में कामयाब नहीं हों। इन आतंकवादी निरोधक अभियानों में आतंकवादी और उनका समर्थन करने वाले बड़े स्तर पर हताहत हुए।’’

जेटली ने कहा, ‘‘हमारे कुछ जवान अपनी मातृभूमि की रक्षा करते हुए सर्वोच्च बलिदान दे रहे हैं। राष्ट्र उनके बलिदान के प्रति कृतज्ञ है।’’ सशस्त्र बलों के बलिदान की सराहना करते हुए जेटली ने उन्हें भरोसा दिलाया कि सरकार उनके मनोबल को ऊंचा रखने के लिए हरसंभव प्रयत्न करेगी।
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें