बुधवार को 17 साल के जिला लेवल के बैडमिंटन खिलाड़ी की मॉल के ट्रॉयल रूम में गिरकर मौत हो गई। मरीन ड्राइव के रहने वाले निहार थैकर परेल मॉल के ट्रायल रूम में कपड़े बदल रहे थे तभी अचानक उन्हें मिर्गी का दौरा पड़ा और वो वहीं गिर गए।
मृतक निहार के परिजनों का कहना है कि उसे पहले कभी किसी तरह का दौरा नहीं पड़ा। दोड़ा पड़ने के बाद निहार को पेरेल के ग्लोबल अस्पताल ले जाया गया जहां उन्हें मृत घोषित किया गया। निहार का इलाज करने वाले न्यूरोलॉजिस्ट डॉ. नितिन संपत ने बताया कि निहार के दिमाग में टी सोलियम के लार्वा से इंफेक्शन हो गया था।
इस तरह का इन्फेक्शन आमतौर पर सुअर का मांस खाने वालों के अंदर ज्यादा होता है या फिर उनके अंदर जो सब्जियां धोकर नहीं बनाते। निहार के पिता संदीप थैकर ने मिरर को बताया, "मैं, मेरी पत्नी और निहार रविवार को बैडमिंटन जूते खरीदने के लिए दुकान पर गए थे। हम मॉल में शाम के 4 बजे से थे जूते खरीदने से पहले हम कुछ कपड़े देखने लगे।
निहार कुछ कपड़े देखने के लिए ट्रायल रूम चला गया। लेकिन काफी देर बाद भी निहार ट्रायल रूम से बाहर नहीं निकला। जिसके बाद शक होने पर गार्ड ने ट्रायल रूम के अंदर देखा तो निहार जमीन पर पड़ा था। निहार की हालत देखकर उसे तुरंत अस्पताल पहुंचाया गया। लेकिन बुधवार को डाक्टरों ने मृत घोषित कर दिया।
डॉ. संपत ने मुम्बई मिरर को बताया कि जब तक निहार को अस्पताल लाया गया तब तक काफी देर हो चुकी थी, कम से कम 10 मिनट तक तो वो ट्रॉयल रूम में ही बेहोश पड़ा रहा फिर अस्पताल लाने में कम से कम 45 मिनट लग गए।
दौड़ा पड़ने से उसके ब्रेन में आक्सीजन नहीं पहुंच पाई, जिसके कारण वो बेहोश हो गया, अस्पताल आते ही उसे वेंटीलेटर पर रखा गया, ब्लड प्रेसर ठीक करने के लिए उसे कुछ दवाएं भी दी गईं, लेकिन हम उसे बचा न सके।
निहार पिछले तीन साल से मुम्बई का जिला लेवल बैडमिंटन प्रतियोगिता में प्रतिनिधित्व कर रहा था। निहार के कोच के अनुसार वो बहुत ही प्रतिभावान खिलाड़ी था। एनएचएम जोशी पुलिस स्टेशन के सीनियर पुलिस इंस्पेक्टर अहमद पठान ने इसे प्राकृतिक मौत बताया है।