राहुल के नेतृत्व में देश जागा, केंद्र सरकार की उल्टी गिनती शुरू : केवल
उप मुख्य सचेतक एवं शाहपुर के विधायक केवल सिंह पठानिया ने कहा कि लोकसभा में नेता प्रतिपक्ष राहुल गांधी के नेतृत्व में देश जाग चुका है। इसके साथ ही केंद्र सरकार की उल्टी गिनती शुरू हो गई है। उन्होंने कहा कि नई दिल्ली में वोट चोरी के खिलाफ आयोजित आंदोलन में उमड़ा जनसैलाब इस बात का प्रमाण है कि जनता केंद्र सरकार की गलत नीतियों, महंगाई, बेरोजगारी और लोकतांत्रिक संस्थाओं को कमजोर करने के खिलाफ आवाज उठा रही है। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र सरकार जनता की आवाज दबाने के लिए दिल्ली में अघोषित आपातकाल जैसी स्थिति बना रही है। राहुल गांधी वोट चोरी पर हिसाब मांग रहे हैं और जनता के सवाल उठाने पर उनके खिलाफ तीन एफआईआर दर्ज की गई हैं। उन्होंने कहा कि वरिष्ठ नेताओं ने इन मामलों में हस्तक्षेप के लिए सर्वोच्च न्यायालय का रुख किया है।
केंद्र सरकार ने मंडी हाउस जैसे स्थानों पर प्रदर्शन की अनुमति दी थी: पठानिया
पठानिया ने सांसद अनुराग ठाकुर के हिमाचल भवन को राजनीतिक अखाड़ा बनाने के आरोप को खारिज किया। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार ने मंडी हाउस जैसे स्थानों पर प्रदर्शन की अनुमति दी थी और हिमाचल भवन भी इसी क्षेत्र में स्थित है। उन्होंने अनुराग ठाकुर पर मुद्दे से भटकने और भ्रामक बयानबाजी करने का आरोप लगाया। केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जगत प्रकाश नड्डा के हिमाचल को वित्तीय सहायता देने संबंधी बयान पर पलटवार करते हुए पठानिया ने कहा कि प्राकृतिक आपदा से हुए नुकसान की भरपाई के लिए प्रदेश सरकार ने केंद्र से जो सहायता मांगी थी, वह अब तक पूरी नहीं मिली है। केंद्र सरकार को श्वेत पत्र जारी करना चाहिए। पठानिया ने कहा कि पिछली भाजपा सरकार के कार्यकाल में हिमाचल के हितों को प्राथमिकता नहीं दी गई और संबंधित परियोजना को राष्ट्रीय महत्व की परियोजना का दर्जा नहीं दिलाया गया।
उन्होंने दावा किया कि मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू के प्रयासों से हुए समझौते के तहत प्रदेश को बिना अतिरिक्त वित्तीय बोझ के हर साल अनुमानित 1,200 से 1,500 करोड़ रुपये का लाभ मिलेगा। इसके साथ ही हिमाचल को सालाना लगभग 1,000 मिलियन यूनिट बिजली भी मिलेगी। उन्होंने वाइल्ड फ्लावर हॉल और कड़छम-वांगतू जल विद्युत परियोजना का उल्लेख करते हुए कहा कि इनसे प्रदेश को हजारों करोड़ रुपये का वित्तीय लाभ हुआ है। उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र में स्वास्थ्य मंत्री होने के बावजूद जगत प्रकाश नड्डा हिमाचल के लिए कोई बड़ी परियोजना नहीं ला सके। पठानिया ने प्रदेश को कर्ज के दलदल में धकेलने के लिए पूर्व भाजपा सरकार को जिम्मेदार ठहराया।