सरेआम फेंका जा रहा कूड़ा
प्रशासन ने भी कार्रवाई की नहीं उठाई जहमत, धीरे-धीरे कूड़े के लग रहे ढेर
पुराना होशियारपुर मार्ग पर हालत सबसे बदतर
संवाद न्यूज एजेंसी
ऊना। जिले की एकमात्र स्वां नदी के किनारों पर गंदगी का अंबार लगा है। लोग नदी के किनारों पर सरेआम कूड़ा, प्लास्टिक फेंक रहे हैं। इससे किनारों पर धीरे-धीरे कूड़े के ढेर लगने शुरू हो गए हैं। प्रशासन की ओर से भी इस पर कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है। पुराना होशियारपुर मार्ग पर सबसे बदतर हालात हैं। धार्मिक सामग्री को विसर्जित करने आ रहे लोग भी किनारों पर ही प्लास्टिक और कूड़ा फेंककर चलते बनते हैं।
स्वां नदी में धार्मिक क्रियाकलापों का हवाला देकर लोग कई तरह की सामग्री पानी में विसर्जित करने आते हैं। धार्मिक सामग्री के विसर्जन के साथ-साथ प्लास्टिक के पैकेट और कूड़ा भी यहीं किनारों पर फेंक जाते हैं। सरेआम लोग कूड़ा फेंककर यहां से चले जाते हैं। अब नदी के किनारों पर जगह-जगह कूड़े के ढेर लग रहे हैं। चिंता की बात है कि इसे रोकने वाला कोई नहीं है। प्रशासन और सरकार की ओर से कोई कार्रवाई नहीं की जा रही है।
पुराना ऊना-होशियारपुर सड़क मार्ग पर लालसिंगी गांव में पड़ती स्वां नदी के पास सड़क के बिल्कुल किनारे पर कूड़े के ढेर लगे हैं। लोग पॉलिथीन में भरकर तमाम तरह की गंदगी यहां फेंक रहे हैं। यह सिलसिला बीते कई माह से लगातार जारी है। एक-दूसरे की देखा-देखी में लोग वहां से गुजरते हुए घर, दुकान समेत तमाम तरह का कूड़ा फेंक रहे हैं। जबकि यहां से कुछ दूरी पर ही नगर परिषद ने कूड़ा फेंकने का डंप बनाया हुआ है। स्वां नदी के आसपास झुग्गी-झोपड़ियों में रहने वाले प्रवासी लोग, गांव और शहरवासी सबसे ज्यादा कूड़ा फेंकते हैं।
पुराना होशियारपुर सड़क मार्ग पर गुजरते समय स्वां नदी का नजारा लोगों के लिए आकर्षक का केंद्र रहा है। बाहरी राज्यों से आने वाले लोग नदी के किनारे यह दृश्य देखने के लिए कुछ समय के लिए रुकते हैं लेकिन नदी के किनारों पर लगे ढेर और बदबू होने के चलते लोग यहां रुकना तो दूर खड़े होना भी पसंद नहीं करेंगे।
खुले में कूड़े का निष्पादन करना नियमों के खिलाफ है। मौके का दौरा किया जाएगा। जो भी खुले में कूड़ा फेंकता पाया जाएगा, उसका नियमों के तहत चालान किया जाएगा।
- श्रवण कुमार, जिला पंचायत अधिकारी