ऊना। रैंप (रेजिंग एंड एक्सलरेटिंग एमएसएमई परफॉर्मेंस) परियोजना के तहत कौशल प्रशिक्षण प्राप्त करने वाली ऊना जिले की 30 ग्रामीण महिलाओं को शनिवार को बचत भवन ऊना में पूर्णतः स्वचालित सिलाई मशीनें वितरित की गईं। इस पहल का उद्देश्य महिलाओं को स्वरोजगार से जोड़कर आर्थिक रूप से आत्मनिर्भर बनाना है।
कार्यक्रम की अध्यक्षता जिला रेडक्रॉस सोसायटी के अस्पताल अनुभाग की अध्यक्ष डॉ. रेणु सहरावत ने की जबकि उपायुक्त ऊना जतिन लाल विशेष अतिथि के रूप में उपस्थित रहे। डॉ. रेणु सहरावत ने कहा कि महिलाओं के कौशल को आजीविका से जोड़ना उन्हें आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में सबसे महत्वपूर्ण कदम है।
उन्होंने कहा कि रैंप परियोजना के तहत उपलब्ध कराई गई स्वचालित सिलाई मशीनें महिलाओं के हुनर को स्वरोजगार से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगी। उपायुक्त जतिन लाल ने कहा कि मुख्यमंत्री सुखविंद्र सिंह सुक्खू के नेतृत्व में महिलाओं के आर्थिक सशक्तीकरण को विशेष प्राथमिकता दी जा रही है।
संयुक्त निदेशक उद्योग अंशुल धीमान ने बताया कि स्किल लैब्स और सिंगर इंडिया के सहयोग से महिलाओं को मशीनें उपलब्ध कराई गई हैं।