ऊना। ढाई वर्ष की मन्नत मृत पड़े पिता को देख कर दूसरी ओर रोती बिलखती मां को निहार रही है।
क्या हो रहा है और कैसे हुआ इसका परिणाम उसकी जिंदगी पर क्या होगा, मन्नत इस बात से अंजान है। वह तोतली जुबान में पापा कह कहकर मां के साथ रोने भी लगती है। कुछ ऐसे हालात बौल में हुए सड़क हादसे में मारे गए 32 वर्षीय रिंकू के परिवार में बुधवार को देखने को मिले।
मृतक रिंकू की कड़ी मेहनत से मजदूरी करने के मामले में क्षेत्र में पहचान है। इस हादसे के बाद परिवार में पत्नी निर्मला देवी व ढाई वर्ष की मन्नत जिंदगी के संघर्ष में अब अकेले पड़ गए हैं। हादसे से पूर्व भी रिंकू ऊना की ओर से अंडे लादने की मजदूरी कर घर पहुंचने वाला था। रास्ते में खड़ा होकर उसने रिश्तेदारों से बातचीत की। लेकिन अगले ही कुछ मिनटों में एक वाहन चालक की तेज रफ्तारी ने उसकी जिंदगी लील ली। बुधवार को रिंकू का पोस्टमार्टम होने के बाद अंतिम संस्कार बौल गांव के शमशान घाट में किया गया। इस मौके पर हर आंखें नम नजर आ रही थीं। सब की जुबान पर एक ही शब्द थे कि जो हुआ वह बेहद दुखद है और अब इसकी पत्नी व बेटी का क्या होगा।