भड़ौलिया कलां की महिला बेबी रानी की सोमवार रात को पीजीआई में झुलसने से मौत हो जाने पर परिजन भड़क गए। मंगलवार को परिजनों ने शव को चंडीगढ़-धर्मशाला एनएच पर रख कर प्रदर्शन किया। आरोपी देवर के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की।
महिला बेबी रानी की पीजीआई में मौत हो गई। इसके बाद परिजन ऊना पहुंचे और शव को बहडाला के पास एनएच पर रख कर विरोध जताया। प्रशासन को भनक लगते ही एसडीएम और तहसीलदार मौके पर पहुंचे और लगे जाम को खुलवाने का प्रयास किया। महिला के परिजन नहीं माने और जाम से दोनों ओर वाहनों की कतारें लग गईं। उसके बाद डीएसपी ने मामले में दर्ज एफआईआर की कापी दिखाई तब जाकर शव को हटाया। करीब तीन बजे से शुरू हुआ जाम शाम छह बजे ही खुल सका। हालांकि प्रशासन ने वैकल्पिक मार्ग से यातायात को सुचारु करने का प्रयास किया लेकिन जाम इतना लग गया था कि वाहन मुड़ नहीं सके। इस कारण जाम नहीं खोला जा सका। बाद में परिजनों ने ही शव को हटाकर जाम खोला।
तीन बजे शुरू किया प्रदर्शन
परिजनों ने दोपहर बाद करीब 3 बजे शव को सड़क के बीचोबीच रखकर प्रदर्शन शुरू कर दिया। इस मौके पर बेबी रानी के मायका पक्ष के लोगों में मृतका के पिता सुखदेव सिंह, माता वीरो देवी, लक्की, लाडी, मस्तान सिंह, जसविंद्र सिंह, परमजीत सिंह, जसपाल सिंह, नक्षत्र सिंह, अमरीक सिंह, रजनी, सुनीता, राणो, अनीता, मक्खन सिंह, परमजीत कौर सहित अन्य ग्रामीण भी मौजूद रहे।
देवर ने लगा दी भी आग
पैसों के लेनदेन को लेकर देवर ने महिला बेबी रानी पर तेल छिड़क कर आग लगा दी थी। इसमें आरोपी भी झुलस गया है। हालांकि आरोपी को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। महिला की मौत पर उसके मायके पक्ष को लोग भड़क गए और विरोध प्रदर्शन किया।