ऊना में पेंशनरों सम्मानित करते करे एसोशिएशन के पदाधिकारी। संवाद
ऊना। हिमाचल प्रदेश राज्य विद्युत परिषद पेंशनर्ज वेलफेयर एसोसिएशन ने विद्युत बोर्ड के विघटन की तैयारियों पर रोष प्रकट किया। एसोसिएशन के जिला अध्यक्ष एमएल वशिष्ठ ने कहा कि विद्युत बोर्ड लंबे समय से बेहतर कार्य कर रहा है। बिजली बोर्ड का विघटन प्रदेश की जनता के हित में नहीं है। उन्होंने सरकार और परिषद से विघटन पर पुनर्विचार करने का आग्रह किया, ताकि इस बोर्ड का अस्तित्व बरकरार रहे।
वह मंगलवार को पेंशनर दिवस पर ऊना में आयोजित बैठक की अध्यक्षता करते हुए बोल रहे थे। बैठक में ओल्ड पेंशन स्कीम (ओपीएस) को विद्युत बोर्ड में लागू न करने पर कड़ी नाराजगी जताई गई। पेंशनर्स ने सरकार से आग्रह किया कि विद्युत बोर्ड में भी ओपीएस को शीघ्र बहाल किया जाए, ताकि कर्मचारियों और पेंशनरों को उनका हक मिल सके। कार्यक्रम के अंत में पांच वरिष्ठ पेंशनरों को टोपी पहनकर सम्मानित किया गया।
बैठक में अन्य वक्ताओं ने भी पेंशनर दिवस के महत्व पर प्रकाश डालते हुए सभी से एकजुट रहकर सामाजिक सेवा और भलाई के कार्यों के लिए संकल्पित रहने का आह्वान किया। वक्ताओं ने कहा कि सरकार को उनकी मांगों पर ध्यान देना चाहिए। पेंशनरों की समस्याओं का समाधान जल्द होना चाहिए।
इस दौरान सर्वसम्मति से प्रस्ताव पारित करते हुए एसोसिएशन ने कहा कि सेवानिवृत्त कर्मचारियों को अब तक नया वेतनमान आधारित बकाया राशि का भुगतान शीघ्र किया जाए। इसके साथ ही जो कर्मचारी वर्ष 2016 के बाद सेवानिवृत्त हुए हैं, उन्हें ग्रेच्युटी, अर्जित अवकाश का वेतन और जीपीएफ की देय राशि का भी समय पर भुगतान सुनिश्चित किया जाए। इससे पहले परिषद से बिछड़े गए पेंशनरों को श्रद्धांजलि देते हुए उनकी स्मृति में दो मिनट का मौन रखकर शोक व्यक्त किया गया।