ऊना। नगर परिषद ऊना को नगर निगम बने एक साल से अधिक का समय हो गया है। निगम के वार्ड 17 जाट मोहल्ला में बरसाती पानी की निकासी को लेकर धरातल पर कुछ नहीं हो पाया है। बरसात सिर पर है, बावजूद इसके क्षेत्र में पानी की निकासी के लिए कोई ठोस प्रबंध नहीं किए गए हैं। स्थानीय लोगों का आरोप है कि नगर निगम बनने के बाद भी हालात में कोई विशेष सुधार नहीं हुआ और हर वर्ष की तरह इस बार भी बारिश के दौरान लोगों को भारी परेशानी झेलनी पड़ती है।
क्षेत्रवासियों के अनुसार जाट मोहल्ला में पिछले करीब एक दशक से जल निकासी की समस्या बनी हुई है। बारिश होने पर गलियों और सड़कों पर पानी जमा हो जाता है जिससे लोगों का पैदल चलना तक मुश्किल हो जाता है। कई स्थानों पर पानी लंबे समय तक खड़ा रहने से कीचड़ और गंदगी फैल जाती है।
स्थानीय निवासियों का कहना है कि क्षेत्र में गंदे पानी की निकासी के लिए भी कोई व्यवस्थित व्यवस्था नहीं है। बरसात के दिनों में स्थिति और अधिक गंभीर हो जाती है। कई बार संबंधित अधिकारियों और जनप्रतिनिधियों को अवगत करवाया गया लेकिन स्थायी समाधान की दिशा में कोई प्रभावी कदम नहीं उठाया गया। बरसात का मौसम नजदीक आते ही लोगों की चिंता बढ़ गई है क्योंकि थोड़ी सी बारिश भी क्षेत्र में जलभराव की स्थिति पैदा कर देती है। इस समस्या पर स्थानीय लोगों ने अपने विचार इस प्रकार से साझा किए।
वार्ड में जल्द प्रभावी जल निकासी व्यवस्था विकसित की जाए। साथ ही गंदे पानी की निकासी के लिए नालियों और ड्रेनेज सिस्टम का निर्माण कराया जाए ताकि वर्षों से चली आ रही इस समस्या से लोगों को राहत मिल सके।
-केवल सिंह, स्थानीय निवासी
इस समस्या को लेकर प्रशासनिक अधिकारियों को कई बार सूचित किया गया है। निकासी के लिए नाले की व्यवस्था नहीं है। ऐसे में बरसाती पानी लोगों के घराें व आबादियों में चला जाता है। इससे लोगों को अपने घर तक पहुंचना मुश्किल हो जाता है। इस गंभीर समस्या का हल जल्द से जल्द निकाला जाना चाहिए।
-हरभजन सिंह, स्थानीय निवासी
वार्ड 17 जाट मोहल्ले की पानी की निकासी की समस्या ध्यान में है। इसका स्थायी समाधान निकालने के लिए प्रयास किए जा रहे हैं।
-पृथी पाल सिंह, आयुक्त नगर निगम ऊना
जिला में बीते दिनों हल्की बारिश होने के वार्ड 17 के रास्ते में जमा पानी। संवाद