नंगल (ऊना)। लगातार पड़ रही गर्मी के कारण पहाड़ों में बर्फ के ग्लेशियर लगातार पिघलने के कारण भाखड़ा डैम के जलस्तर में वृद्धि दर्ज की जा रही है। बीते वर्ष के मुकाबले वीरवार को भाखड़ा डैम के पीछे बनी गोबिंद सागर झील का जलस्तर लगभग 20 फीट अधिक दर्ज किया गया। बीबीएमबी के पब्लिक रिलेशन विभाग के कार्यालय के ऊपर भाखड़ा जलस्तर को लेकर लगाए गए डिजिटल बोर्ड में दर्शाए आंकड़ों के अनुसार 16,527 क्यूसेक पानी की आमद के साथ ही भाखड़ा डैम का जलस्तर 1,576.65 फीट तक जा पहुंचा जबकि भाखड़ा डैम से विद्युत उत्पादन के लिए टरबाइनों के माध्यम से 26,163 क्यूसेक पानी छोड़ा गया। बात अगर नंगल डैम से नंगल हाइडल नहर में छोड़े जाने वाले पानी की करें, तो उसमें 12,350, आंनदपुर साहिब हाइडल नहर में 10,150 जबकि सतलुज दरिया में मात्र 650 क्यूसेक पानी छोड़ा जा रहा है। अगर सहयोगी राज्यों की मांग बढ़ी तो सतलुज दरिया में आने वाले एक दो दिन में पानी की निकासी को बढ़ाया जा सकता है।
बता दें कि बीते वर्ष आज के ही दिन भाखड़ा डैम का जलस्तर 28,015 क्यूसेक पानी की आमद के साथ 1,555.30 फीट तक ही पंहुच पाया था। टरबाइनों के माध्यम से विद्युत उत्पादन के लिए भाखड़ा डैम से 31 हजार क्यूसेक पानी छोड़ा गया था।