मान्यता नवीनीकरण के लिए औपचारिकताएं निभाई या नहीं, इसकी भी होगी जांच
स्कूली वाहनों की स्थिति की भी होगी पड़ताल
संवाद न्यूज एजेंसी
ऊना। दाखिला प्रक्रिया के बाद स्कूलों में कक्षाएं नियमित तौर पर लगना शुरू हो गई हैं। विभाग अब स्कूलों में बच्चों के लिए उचित व्यवस्थाओं की पड़ताल की तैयारी में है। शिक्षा विभाग ने बीते दिनों स्कूलों की मान्यता और नवीनीकरण को लेकर जरूरी दस्तावेज जमा करवाने की हिदायत दी थी। इसके साथ ही स्कूलों को अच्छी गुणवत्ता और पूरे दस्तावेज वाले वाहनों का इस्तेमाल करने की हिदायत दी। इसमें बच्चों की सुरक्षा के साथ अन्य सभी मानकों का ध्यान रखने के निर्देश हैं। विभाग की टीम अब धरातल पर यह जांचेगी कि तय मानकों का पालन हो रहा या नहीं। जानकारी के अनुसार जिले में 130 से अधिक निजी स्कूल संचालित हो रहे हैं लेकिन हर वर्ष देखा जाता है कि कई स्कूल बच्चों की पढ़ाई, खेलों और वाहनों को लेकर लापरवाही बरतते हैं। इससे कई हादसे भी हो चुके हैं। वर्तमान में कई निजी वाहनों का इस्तेमाल बच्चों को लाने और घर छोड़ने के लिए किया जा रहा। विभाग ने ऐसे मामलों पर सख्ती बढ़ाने के लिए कदमताल तेज कर दी है। इसके लिए आरटीओ टीम के साथ मिलकर सड़कों पर आवाजाही कर रहे वाहनों के दस्तावेज खंगाले जा रहे। वाहन कितने वर्ष पुराने हैं और बच्चों की सुरक्षा, शिकायत नंबर और संस्थान का नाम, वाहनों का रंग, आपातकाल सेवाओं के नंबर सहित तमाम चीजें खंगाली जाएंगी। जिन वाहनों में कमी पाई गई, उनके खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। वहीं, स्कूलों में जाकर विभाग की टीम मान्यता नवीनीकरण से जुड़े दस्तावेज खंगालेगी। अगर किसी स्कूल में लापरवाही पाई जाती है तो उसके खिलाफ सख्ती से कार्रवाई की जाएगी।
उपनिदेशक जिला प्रारंभिक शिक्षा विभाग सोमलाल धीमान ने कहा कि विभाग की टीमें हर शैक्षणिक सत्र में व्यवस्थाएं परखती है। किसी प्रकार की कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। कहा कि स्कूल अपने दस्तावेज दुरुस्त रखें और मानकों का पालन करें।